गुरुवार, 28 मई 2026

सूरतगढ़ के पूर्व विधायक गुरूशरण छाबड़ा के स्मारक की दुर्दशा क्यो?

  




* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 28 मई 2026. यहां के पूर्व विधायक गुरूशरण छाबड़ा (सन् 1977) का स्मारक स्थल राजकीय उपजिला चिकित्सालय के मुख्य द्वार के आगे मुख्य सड़क पर है जिसमें उनकी आदमकद प्रतिमा लगी है जिसकी नियमित सार संभाल के अभाव में दुर्दशा हो रही है। स्मारक बगीची अब पूरी सूख चुकी है। पुष्प पौधै एक भी नहीं रह पाए और दूब के बजाय सूखी जमीन है। 

शहीद गुररूशरण छाबड़ा समिति की ओर से छाबड़ा की जयंती 9 जून और पुण्यतिथि 3 नवंबर मनाई जाती है तब यहां नजदीकी व परिवार के लोग एकत्रित होते हैं। एक दो घंटे के कार्यक्रम के अलावा कभी कोई पहुंचता हो,ऐसा नहीं लगता। पिछले तीन सालों से स्मारक की संभाल नहीं हुई। पहले छाबड़ा के एक साथी बलदेव राज तनेजा हर रोज सुबह से शाम तक बगीची में रहते हुए संभालते। तनेजा की सार संभाल के समय फूलों के पौधे और हरियाली दूब का आकर्षण था। पक्षियों के लिए पानी भी रखा जाता था। तनेजे से पिछले वर्ष  पूछने पर उन्होंने बताया था कि बगीची के गेट के ताले की चाबी दो साल पहले उनकी पुत्र वधु पूजा छाबड़ा को सौंप दी थी। 



पिछले 9 जून 2026 पर बहुत कम लोग स्मारक पर आए थे। उस समय स्मारक की अनदेखी लोगों के सामने आई थी। उस दिन भी लोगों ने सूखती बगीची देखी थी। इस बात का दुख भी कुछ लोगों ने प्रगट किया था कि स्मारक को नियमित रूप से रोजाना संभाला नहीं जा रहा। उस समय यही सोचा जा रहा था कि स्मारक की सारसंभाल शुरू हो जाएगी लेकिन यह सोच गलत साबित हो गई है। एक साल बीत गया है लेकिन स्मारक की सार संभाल न तो स्मारक समिति ने की है और न गुरूशरण छाबड़ा के किसी परिजन ने की। किसी के पास न समय है न रूपये हैं कि यहां चौकीदार माली पारिश्रमिक पर रखा जा सके। कहने को समिति के लोग और नजदीकी व परिवार जन सभी धनियों में है और करोड़़ों की संपत्ति के मालिक हैं। 

 अब 9 जून 2026 को गुरूशरण छाबड़ा की जयंती है और बगीची उजड़ी हुई सूखी हुई पड़ी है। 

* गुररूशरण छाबड़ा स्मृति समिति के अध्यक्ष व पदाधिकारियों को स्मारक को लगातार रोजाना संभालना चाहिए चाहे घूमने के लिए ही पहुंचे। 

* गुरूशरण छाबड़ा सन् 1977 में सूरतगढ़ से विधायक चुने गए थे। राजस्थान में संपूर्ण शराबबंदी के लिए जयपुर में आमरण अनशन में सन् 2016 में 3 नवंबर को उनके प्राण चले गए थे। उनकी देह चिकित्सालय को दान कर दी गई थी। गुररूशरण छाबड़ा की स्मृति में राजकीय महाविद्यालय का नाम किया गया। एक सैकेंडरी स्कूल का नाम भी उनकी स्मृति में कर दिया गया। गुरूशरण छाबड़ा की ईमानदारी को याद किया जाता है लेकिन स्मारक की सार संभाल नहीं किया जाना निकृष्टता दर्शाता है। ०0०










रविवार, 24 मई 2026

भूखंड नीलामी पर HC की रोक मामला. राजेंद्र तनेजा ने 35 साल पूर्व खरीदे 6 भूखंडों की जमीन मांगी. रिपोर्ट.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 24 मई 2026.नगरपालिका सूरतगढ़ भूखंड नीलाम कर बेचती है लेकिन बाद में जमीन नहीं देती। ऐसे अनेक मामले हो चुके हैं जिनमें करीब एक सौ खरीदारों के कुल करोड़़ों रूपये लिए हुए हैं। अनेक मामलों में सन् 1991 का मामला सबसे पुराना यानि की 35 साल पहले का है जिसके खरीदारों ने अपनी जवानी में अपने घरों की योजनाएं बनाई और वे भटकते हुए आज वृद्धावस्था में पहुंच गये लेकिन नगरपालिका ने जमीन उपलब्ध होते हुए भी उनको जमीन नहीं दी तथा और नयी नीलामी से बेचती रही।

* एडवोकेट राजेंद्र तनेजा रोटरी क्लब के सूरतगढ़ संस्थापक एवं अनेक समाजसेवा कार्यों में लाखों रूपये लगाने वाले प्रसिद्ध व्यक्ति हैं जिन्होंने सन् 1991 में नगरपालिका से नीलामी में 6 आवासीय भूखंड खरीदे। 

* नगरपालिका प्रशासन में अनेक अधिकारी आए,बोर्ड भी आए लेकिन किसी ने भी राजेंद्र तनेजा को जमीन नहीं दी और परेशान करते रहे। राजेंद्र तनेजा द्वारा जमीन का यह संघर्ष चलते अब 35 साल हो गये।

* सन् 2025 में राजेंद्र तनेजा ने उच्च न्यायालय में याचिका लगाई। उच्च न्यायालय में नगरपालिका भी हाजिर हुई। उच्च न्यायालय में नगरपालिका ने अपना जवाब दिया। उच्च न्यायालय ने दोनों पक्षों को सुना और राजेंद्र तनेजा के पक्ष में निर्णय दिया। 

उच्च न्यायालय ने नगरपालिका को आदेश दिया कि जमीन खोजी जाए और राजेंद्र तनेजा को दी जाए।

* नगरपालिका प्रशासन ने राजेंद्र तनेजा को राजीव गांधी मार्केट योजना में जमीन बताई। तनेजा ने कहा कि मेरे भूखंड आवासीय हैं सो आवासीय भूमि दी जाए।

* नगरपालिका के पास सब रजिस्ट्रार कार्यालय के पास 7 आवासीय भूखंड की जमीन उपलब्ध थी जो तनेजा को दी जा सकती थी लेकिन उसको नीलामी से बेचने का कार्यक्रम जारी कर दिया जिसकी ई नीलामी शुरू हो गई।

* नगरपालिका प्रशासन ने उच्च न्यायालय का आदेश सन् 2025  नहीं माना और आवासीय  जमीन उपलब्ध होते हुए भी तनेजा को देने के बजाय नीलामी शुरू करदी। इस पर तनेजा ने राजस्थान उच्च न्यायालय में फिर याचिका लगाई जिसमें सन् 2025 के उच्च न्यायालय के आदेश को आधार बनाया। उच्च न्यायालय ने इस याचिका पर सुनवाई शुरू करते हुए नीलामी पर स्थगन आदेश जारी किया।

* नगरपालिका के अधिकारियों को खरीदारों के प्रति शुद्ध व्यवहार रखना चाहिए जो लाखों रू करते करते करोड़ों रुपये जमा कराते हैं। 

* नगरपालिका ने सन् 2024 में जाखड़ावाली के विवेकानंद स्कूल को जमीन दी है जो सन् 1997 में आवेदन और 2005-6 में रकम जमा कराई गई थी। राजेंद्र तनेजा के 6 आवासीय भूखंडों की जमीन का मामला तो इस स्कूल से भी 15 साल पुराना है। शहर का सबसे पुराना मामला 35 साल पुराना। अब नगरपालिका का कोई बहाना चलेगा नहीं। नगरपालिका प्रशासन अपने व्यवहार में बदलाव कर नागरिकों के प्रति,जमीन खरीदारों के प्रति शुद्ध सुचिता व्यवहार कायम कर प्राप्त रकमों से विकास में रूचि ले।०0०



सोमवार, 18 मई 2026

ईओ पूजा शर्मा निवास का अतिक्रमण. सूरतगढ़ एसडीएम तुड़वाए.

 



* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 18 मई 2026.

नगरपालिका की अधिशासी अधिकारी पूजा शर्मा ने अभी कुछ दिन अतिक्रमण हटाने तोड़ने का कार्यक्रम चलाया। लाऊडस्पीकर से लोगों को सूचना दी गई कि जिलाकलेक्टर महोदय के आदेश से यह किया। इस कार्यक्रम में शहर के अनेक अतिक्रमण हटाए जुर्माना भी लगाया मगर ईओ पूजा शर्मा के निवास के आगे गली में किया खुद परिवार का अतिक्रमण नहीं हटाया। यह अतिक्रमण आज भी मौजूद है।यह घोर निंदनीय है कि करीब एक साल पहले ईओ ने अपने निवास की गली के दूसरे लोगों के स्लोप तुड़वाए ताकि ईओ की कार आ जा सके। लोगों ने एतराज किया तो उनको धमकियां दिलवा दी कि बोले तो छज्जे भी तुड़वा दिए जाएंगे। 

 जिलाकलेक्टर के आदेश से अतिक्रमण हटाने सफाई करने का कार्य था तो शहर के अनेक सड़कों के अतिक्रमण क्यों नहीं हटाए गये। 

* बीकानेर रोड ,रेलवे रोड,के नालों के अतिक्रमण नहीं हटाए न नाले साफ किये। ईओ पर घोटालों के अनेक आरोप हैं।

* आवासन मंडल कालोनी के अतिक्रमण नहीं हटाए गए जिनको नोटिस भी दिए गए थे। आवासन मंडल कालोनी के 58 मकान मालिकों को 9 अप्रैल 2026 को नोटिस दिए जिनमें 3 दिन में अपने अपने अतिक्रमण हटा लेने व बाद में नगरपालिका द्वारा हटा दिए जाने की चेतावनी थी।

ईओ पूजा शर्मा ने चेतावनी अवधि बीतने जाने के बावजूद अतिक्रमण नहीं हटाए। सवा महीने से अधिक बीत गया। उपखंड अधिकारी भरतजयप्रकाश मीणा नगरपालिका के प्रशासक हैं उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान में सफाई और सड़कें साफ होने व अतिक्रमण हटाने पर स्वयं निरीक्षण कर कार्वाई करानी चाहिए। प्रशासनिक दायित्व भी है।



👍ईओ पूजा शर्मा के निवास के आगे के अतिक्रमण बाबत मुख्यमंत्री को शिकायत हुई है जो नगरपालिका में पूजा शर्मा के पास ही काफी दिनों से पेंडिंग पड़ी है। समय अवधि में इसका निस्तारण नहीं होने पर यह शिकायत उपनिदेशक, स्वायत्त शासन विभाग बीकानेर को गई। उपनिदेशक ने इसको निस्तारण करने का आदेश देकर ईओ नगरपालिका सूरतगढ़ को वापस भेज दिया। अब प्रशासन उपखंड अधिकारी का पूर्ण दायित्व है कि यह अतिक्रमण अपनी देखरेख में तुड़वाए। उपखंड अधिकारी शायद नोडल अधिकारी भी हैं और उनकी हरतरह से जनता के हित की ड्युटी है।०0०

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रविवार, 17 मई 2026

सूरतगढ़ में स्वच्छ भारत अभियान में बाधा क्यों? क्या कासनिया ने सभी की ताकत छीन ली?

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 17 मई 2026.

सूरतगढ़ में स्वच्छ भारत अभियान में बाधा क्यों हैं? बरसात से पहले करो कराओ जो शहर को बचाए।

रेलवे रोड, गौरव पथ के और निकासी के नाले साफ क्यों नहीं किए जाते?

आवासन मंडल सड़क अतिक्रमण क्यों नहीं हटते?

ईओ पूजा के निवास का सड़क अतिक्रमण क्यों है? 

          * भाजपा वाले उत्तर दें.*

नगर अध्यक्ष गौरव बलाना एवं कार्यकारिणी, जिलाध्यक्ष शरणपालसिंह, स्थानीय जिला पदाधिकारी,पूर्व राज्यमंत्री रामप्रताप कासनिया,पूर्व विधायक अशोक नागपाल, पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष ओमप्रकाश कालवा,पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष काजल छाबड़ा,पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष बनवारीलाल मेघवाल,पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष आरती शर्मा,पूर्व नगरमंडल अध्यक्ष सुरेश मिश्रा और महामंत्री लालचंद शर्मा व कार्यकारिणी।

👍 स्वच्छ भारत मिशन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का संपूर्ण भारत में एक निर्देश है और राजस्थान में भाजपा सरकार का प्रशासन का आदेश है।

भाजपा के ये नेता नेतियां बताएं कि यह मिशन आपने सभी ने फेल क्यों कर रखा है? इस मिशन में सड़कें नाले नालियां एकदम साफ होने चाहिए फिर सूरतगढ़ में सभी मोहल्लों में भी हालात बिगड़े हुए क्यों हैं?

यहां न कांग्रेस का राहुल है, न टीएमसी की ममता बनर्जी है, न आप के अरविंद केजरीवाल है। यहां बाधा कौन डाल रहा है?

 सारे शहर में घूम कर देखलो कि नगरपालिका प्रशासन ने शहर का सत्यानाश कर दिया है। अधिशासी अधिकारी पूजा शर्मा एक की जिम्मेदारी है। ईओ पूजा शर्मा, कम्प्यूटर आपरेटर  दोनों मिल कर स्वच्छ भारत अभियान की मांग,परिवाद पर निस्तारण का झूठा जवाब दे देते हैं। एक ईओ काम नहीं करे और भाजपा के सभी नेता मोदी जी के स्वच्छ भारत अभियान को फेल होता देखते रहें। ईओ का ट्रांसफर नहीं हालात और भ्रष्टाचार आरोपों पर जवादेह जांच के लिए सस्पेंड करवाएं।

 👍 पूर्व राज्य मंत्री रामप्रताप कासनिया ईओ पूजा शर्मा को हटवाना न चाहे लेकिन बाकी सभी मोदी अभियान पर ईओ के विरुद्ध कार्वाई कराएं। केवल कासनिया होने नहीं देता की चर्चा से तो बात नहीं बनती। सभी में कुछ ताकत है या सभी ताकत  हीन है। क्या कासनिया ने सभी की पावर भी छीन ली है?

 कोई एक भी मुंह खोलना बोलना शिकायत करना चाहता है तो आगे आकर जिलाकलेक्टर, मुख्यमंत्री को सब सच्च सच्च लिखे और जनता को भी बताए। 

👍 शहर को साफ सुथरा देखने और रखने का दायित्व कांग्रेस का भी है। विधायक डुंगरराम गेदर और सूरतगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष परसराम भाटिया और नेता पूर्व विधायक राजेंद्र सिंह भादु भी शहर का भ्रमण कर देखलें उसके बाद निकम्मे प्रशासन को हटवाएं। केवल धरना आंदोलन आदि की कागजी चेतावनी से कुछ नहीं होने वाला। ये चेतावनियां पांच दस दिन बाद झूठी साबित हो जाती है।

👍 वे जो आगे नगरपालिका चुनाव लड़ना चाहते हैं उनमें जो जांबाज है शहर को साफ सुथरा भ्रष्टाचार मुक्त बनाना चाहते हैं वे भी अभियान चलाएं।

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शुक्रवार, 15 मई 2026

सूरतगढ़.शराबबंदी की चर्चा भी खत्म हुई.लोग पूजा छाबड़ा को भूलने लगे.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 15 मई 2026.

 गुरूशरण छाबड़ा ने राजस्थान में संपूर्ण शराबबंदी की मांग के लिए प्राण त्याग दिए लेकिन उनके कर्म क्षेत्र सूरतगढ़ में अब शराबबंदी की चर्चा भी नहीं है। सन् 2023 की शुरुआत से शराबबंदी की चर्चा खत्म होने लगी और अब पूर्ण शून्य हो चुकी है।

 गुरूशरण छाबड़ा सन् 1977 में सूरतगढ़ से विधायक चुने गये थे और ईमानदारी व सही निर्णय करने के मामलों में लोकप्रिय रहे। उनके नाम से सूरतगढ़ में एक राजकीय महाविद्यालय और एक राजकीय माध्यमिक विद्यालय चल रहे हैं। उनकी प्रतिमा राजकीय उप जिला चिकित्सालय के पास लगी है जहां उनकी जयंती और पुण्यतिथि पर अब गिनती के लोग एकत्रित होते हैं। वहां शराबबंदी मांग में प्राण त्याग करने के वक्तव्य होते हैं जो कार्यक्रम समाप्ति के बाद आगे याद भी नहीं किए जाते। शराबबंदी आंदोलन की राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरूशरण छाबड़ा की पुत्रवधु पूजा छाबड़ा ने यहां शराबबंदी कार्यक्रम शुरू किए थे लेकिन लोकसभा  चुनाव सन् 2024 से पहले वे भारतीय जनता पार्टी की सदस्य बन गई। इन पर कांग्रेस सरकार के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नजदीकी होने की छाप लगी हुई है। सन् 2023 में राज्य विधानसभा चुनाव से पहले लोग मानने लगे थे कि पूजा छाबड़ा  भाजपा या कांग्रेस की टिकट ला सकती है लेकिन किसी भी पार्टी से ऐसा नहीं हुआ। कुछ लोगों ने निर्दलीय चुनाव लड़ने की चर्चा शुरू की लेकिन उसमें तो बहुत ताकत की जरूरत होती। जब राजनीति में विधानसभा चुनाव लड़ने की सोच शुरू हुई तब शराबबंदी कार्यक्रम यहां खत्म हो गये। भाजपा में सदस्यता लेने के बाद स्वतंत्र अस्तित्व नहीं रहता। पूजा छाबड़ा के शराबबंदी कार्यक्रम पहले ही बंद हो गये थे। अब तीन साल से  सूरतगढ़ में शराबबंदी कार्यक्रम नहीं हुए। लोगों को  जोड़े रखने के लिए लगातार कार्यक्रम हों लेकिन वह स्थिति नहीं रही। पूजा छाबड़ा का जयपुर में अधिक और सूरतगढ़ में यदाकदा रहने से भी लोगों का जुड़ाव खत्म होता गया। अरोड़ वंश समुदाय में पूजा छाबड़ा को कुछ माना जाने लगा और  लोग भावी विधायक की तस्वीर देखने लगे। अब ऐसी स्थिति नहीं है। भाजपा में प्रवेश से पहले निश्चय ही पूजा छाबड़ा को बड़ा माना जाता था लेकिन अब भाजपा में सबसे नीचे के स्तर नगरमंडल में सदस्य हैं। इस स्तर से ऊंची उड़ान में किसी राजनैतिक पद के मिलने की भी चर्चा नहीं हो रही। पूजा छाबड़ा के भाजपा में सदस्य बनने के बाद शराबबंदी कार्यक्रम यहां खत्म हो गये। राजस्थान की भाजपा सरकार शराब को बंद करने की नीति वाली नहीं है।शायद इस कारण से  पूजा छाबड़ा भी शराबबंदी कार्यक्रम नहीं कर रही। पूजा के जयपुर में अधिक रहने से सूरतगढ़ भाजपा में पूजा छाबड़ा से अधिक ताकतवर चेहरे दिखाई देने लगे हैं जिनमें कुछ बीसियों सालों से है। अरोड़वंश समुदाय में जो ताकत बनी थी वह भी सूरतगढ़ में कम रहने से कम हुई है। पूर्व विधायक अशोक नागपाल के साथ पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष काजल छाबड़ा राजनैतिक रूप में अरोड़ा समुदाय में ताकतवर थे। अब एकदम से ऊंचाई पर सुनील कुमार छाबड़ा भी आ गये। सुनील छाबड़ा पश्चिम बंगाल चुनाव में एक माह तक भवानीपुर सीट पर काम करने और खतरनाक क्षेत्रों में भाजपा का संपर्क अभियान चलाने वाले रहे। भवानीपुर सीट पर टीएमसी की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की पराजय और वहां से जीतने वाले सुधेंदु का मुख्यमंत्री बनने से सुनील छाबड़ा भाजपा में और अरोड़वंश समुदाय में ताकत बन गये। सुनील छाबड़ा और उनकी पत्नी काजल छाबड़ा भाजपा में व अरोड़ा समुदाय में लोकप्रिय हैं। राजनैतिक हालात सूरतगढ़ में तेजी से बदल गए हैं। इन बदले हालात के हिसाब से ही लोग चलेंगे यह एक प्रचलित नियम है। सूरतगढ़ में नयी परिस्थितियां बन गई हैं। भाजपा के राज में सूरतगढ़ में अब लोग कुछ नया चाहते हैं जिसमें शराबबंदी नहीं है।

पूजा छाबड़ा की राजनीतिक दौड़़ में शराबबंदी कार्यक्रम बंद हुए और अब कहीं चर्चा भी नहीं है।०0०










58 लोगों के अतिक्रमण हटाने में प्रशासन नाकाम क्यों? सूरतगढ़ आवासन मंडल कालोनी अतिक्रमण.

 

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 15 मई  2026.

 सड़क जनता की है और उस पर चलने का अधिकार केवल जनता को है लेकिन सूरतगढ़ में 58 लोगों ने सूचना दिए जाने के बाद भी अतिक्रमण नहीं हटाकर नगरपालिका प्रशासन को चुनौती दी है। ये 58 लोग शहर की आबोहवा को बिगाड़ने वाले हैं।

नगरपालिका प्रशासन ने आवासन मंडल पुरानी कालोनी के  58 मकान मालिकों को 9 अप्रैल 2026 को नोटिस दिए कि 3 दिन में अपने अतिक्रमण हटालें। इस अवधि में अतिक्रमण नहीं हटाए गए तो नगरपालिका प्रशासन अतिक्रमण हटाएगा। एक माह से अधिक समय बीत गया लेकिन नोटिस देकर भी नगरपालिका की  अधिशासी अधिकारी ने आगे कार्वाई नहीं की जिससे प्रशासन की हंसी उड़ रही है। नगरपालिका में प्रशासक पद पर उपखंड अधिकारी भरतजयप्रकाश मीणा और अधिशाषी अधिकारी पद पर पूजा शर्मा हैं जो जवाब देह हैं और इनकी जिम्मेदारी बनती है।

पीएम मोदी के स्वच्छ भारत अभियान में सड़कें साफ होनी चाहिए लेकिन यहां अभियान को अधिकारी ही ठप्प कर रहे हैं। आवासन मंडल कालोनी पुरानी में सड़क अधिकार की भूमि पर अतिक्रमण हैं। नगरपालिका प्रशासन किसी के घर को नहीं तोड़ रही जिसके लिए पूर्व सूचना दे। नगरपालिका को सड़कों के अतिक्रमण हटाने हैं जिसके लिए नोटिस एक मजाक बन कर रह गये हैं। आम जनता को बताया नहीं जा रहा कि शहर में अतिक्रमण हटाए जा रहे हैं तब आवासन मंडल कालोनी के अतिक्रमण हटाने की कार्वाई क्यों नहीं हो रही। जैसे शहर में जुर्माना वसूली और अतिक्रमण हटाओ कार्वाई चल रही है वैसे ही नोटिस तारीख से जुर्माना वसूली भी अतिक्रमण हटाने के साथ हो। आवासन मंडल में अतिक्रमण कारियों से वे पड़ोसी परेशान हैं जिनके अतिक्रमण नहीं है तथा उनके घर पीछे दब रहे हैं। नगरपालिका प्रशासन पर कोई दबाव है या कोई कारण है तो वह आम जनता को बताया जाना चाहिए। नगरपालिका प्रशासन द्वारा 58 अतिक्रमणकारियों की सूची प्रकाशन के लिए मीडिया को तुरंत दी जानी चाहिए। अतिक्रणकारियों के नाम आम पब्लिक को मालुम होने चाहिए कि ये लोग शहर की स्वच्छ आबोहवा को बिगाड़ने वाले हैं।०0०








मंगलवार, 12 मई 2026

अनु.जाति का हक मारकर ईओ पूजा शर्मा ने भाभी का प्रमोशन किया. बड़ा प्रमाण और मिला. लेटेस्ट.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 12 मई 2026.नगरपालिका में ईओ पूजा शर्मा ने अपनी भाभी सफाईकर्मी बबीता शर्मा का प्रमोशन किया,जिसके लिए षड़यंत्र रचा और अनुसूचित जाति के कर्मियों का हक मारने में असली रिकॉर्ड की गलत फर्जी रिकॉर्ड नोट बनाया। यह घोटाला मामला अनेक बार छपा है लेकिन आज नया तथ्य सामने आया कि ईओ पूजा शर्मा ने नगरपालिका बोर्ड को पहले तो अंधेरे में रखा और फिर बोर्ड की बैठक की रिपोर्ट में षड्यंत्र रचकर प्रस्ताव स्वीकृति के निर्णय में सफाई कर्मियों के नाम नहीं होने के बावजूद अपनी भाभी बबीता शर्मा का प्रमोशन कर दिया। भाभी को अनुचित पदलाभ व आर्थिक लाभ देकर नगरपालिका से धोखा किया व कोष को हानि पहुंचाई।

* षड़यंत्र कैसे रचा?

28 अगस्त 2024 को बोर्ड की बैठक हुई जिसमें प्रस्ताव नं 8 में सफाई शाखा कर्मियों के प्रमोशन का लिखा। नाम नहीं लिखे। नाम लिखे जाते तो भेद खुल जाता। बैठक में प्रस्ताव पढा गया लेकिन नाम चर्चा में भी नहीं बताए गये। 




नगरपालिका बोर्ड बैठक की कार्यवाही ईओ द्वारा लिखी जाती है। उसमें स्वीकृति 'निर्णय' महत्वपूर्ण तथ्य होता है। ईओ ने षड्यंत्र तो रचा लेकिन निर्णय में प्रमोशन किए जाने वाले कर्मियों के नाम चूक गई। यानि अपनी भाभी व अन्य के नाम निर्णय में लिखने की बड़ी चूक हो गई। निर्णय में नाम नहीं लिखे गए मगर प्रमोशन कर दिए कि रिकॉर्ड कौन देखता है और खोजबीन के लिए पीछा कोई नहीं करता।




 भाभी बबीता शर्मा सफाई कर्मचारी तो लगी लेकिन कभी सफाई के काम पर नहीं लगाई गई। कभी कोई अधिकारी बबीता शर्मा के हाथ में झाड़ू न पकड़ादे इसलिए ईओ ने षड़यंत्र रच कर जमादार पद पर प्रमोशन कर दिया। इसमें अनुसूचित जाति के सफाई कर्मी का हक मारा। बबीता शर्मा के प्रमोशन पर कोई आवाज न उठाए इसके लिए मनोज धौल और मनीन्दर सारसर का प्रमोशन भी कर दिया। ये दोनों अलग अलग युनियनों के लीडर हैं। ये दोनों अवैध प्रमोशन पाकर चुप हो गये। इन सभी प्रमोशन में वरिष्ठता में आगे रहे अनुसूचित जाति के सफाई कर्मचारियों का हक मारा गया। कर्मचारियों में यह भय प्रचारित किया गया कि किसी ने मुंह खोला तो नौकरी से निकाल दिए जाएंगे।

* सभी नेता नेतियां,अनुसूचित जाति संघों के नेता पदाधिकारी, मीडिया अपने स्वार्थों के कारण सब जानते हुए, समाचारों के सामने आने के बावजूद शर्मनाक चुप्पी में हैं। 

* मामला प्रशासनिक अधिकारियों के पास पहुंचा है। यह घोटाला तथ्यों से प्रमाणित है इसलिए जिस समय भी एसीबी या विभागीय जांच होगी तब नौकरियां बचाना मुश्किल होगा।

👍 नगरपालिका बोर्ड बैठक के तत्कालीन अध्यक्ष ओमप्रकाश कालवा ( अनुसूचित जाति ) का दायित्व बनता है कि इस प्रकरण में सही तथ्यात्मक सूचना रिपोर्ट उचित कार्वाई के लिए सरकार को भेज कर अनुसूचित जाति के साथ किए अनुचित व्यवहार कार्य को निरस्त करवाए और दोषियों को दंडित करवाए। 

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सोमवार, 11 मई 2026

कार्यकर्ताओं की शिकायतें काम नहीं होते. प्रेसवार्ता में तीखा प्रश्न. सूरतगढ़.

 



* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 11 मई 2026.राजस्थान अनुसूचित जाति विकास एवं वित्त आयोग के अध्यक्ष राजेंद्र कुमार नायक की प्रेसवार्ता में सर्वाधिक तीखे एक ही प्रश्न ने सभी को चौंकाया,भाजपा कार्यकर्ता ही कहते रहते हैं कि काम नहीं होते। पत्रकार वार्ता में पूर्वराज्यमंत्री रामप्रताप कासनिया, पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष ओमप्रकाश कालवा, पूर्व प्रधान बिरमादेवी नायक भी उपस्थित थे। इस सटीक प्रश्न का उत्तर नहीं था। दैनिक भास्कर के संवाददाता ब्रह्म प्रकाश शर्मा ने प्रेसवार्ता के अंतिम क्षण में किया। 

राजस्थान अनुसूचित जाति विकास एवं वित्त आयोग के अध्यक्ष राजेंद्र कुमार नायक दो दिनों से सूरतगढ़ विधानसभा के गांवों में सरकार की योजनाओं के प्रचार और जानकारियां देने के भ्रमण पर थे। उन्होंने बताया कि गांवों में 'ग्राम रथ' पहुंच रहा है जो जानकारियां दे रहा है। सरकारी योजनाओं से लाभ कैसे उठाया जाए। उन्होंने बताया कि रथ के साथ सुझाव पेटी भी है। गांवों में जो समस्याएं बताई जा रही है उनको नोट कर जयपुर में दी जाएगी। इन पर मंथन होगा और समाधान निकाला जाएगा। उन्होंने कहा कि रात्रि चौपाल भी लगाई जा रही है और वे खुद भी रात्रि चौपाल में शामिल हुए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व राज्य सरकार का ग्राम विकास की ओर पूरा ध्यान है। ग्राम विकास से राज्य का विकास होगा और राज्यों के विकास से संपूर्ण देश का विकास होगा। इस भ्रमण में कुछ स्थानों पर पूर्व प्रधान बिरमादेवी नायक भी साथ रही थी।

गांवों में शिकायतें खामियां किस प्रकार की मिली प्रश्न पर उन्होंने बताया। पानी की कमी,कुछ गांवों में फ्लोराइड वाला भूमि पानी,खातेदारी नहीं मिली,सड़कें खराब टूटी हुई, वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने जैसी शिकायतें मिली। उन्होंने कहा कि नहरबंदी से पानी समस्या थी जो नहर में पानी आ गया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान जाने वाले पानी को रोका जाएगा। बरसात का पानी संग्रह करने पर भी काम हो रहा है, इससे भूमि में गिरते जल स्तर में सुधार होगा। पंजाब से आ रहे गंदे रासायन मिले  पानी पर भी प्रश्न पूछा गया।

सफाई व्ववस्था पर भी एक प्रश्न था। उन्होंने बताया कि गावों में कचरे जैसी समस्या नहीं है।प्रेसवार्ता पूर्वराज्यमंत्री रामप्रताप कासनिया के निवास में सभाकक्ष में हुई थी।०0०













नेताओं द्वारा सूरतगढ की बलि. भ्रष्ट अधिकारियों के हवाले जनता.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ शहर में आलीशान कोठियों में शानदार पक्के घरों में रहते हैं और सभी अपने आपको किसान नेता कहते हैं। सारे किसान नेता बन गए,तो सूरतगढ़ शहर का नेता कौन बचेगा?

आश्चर्य तो यह है कि ये किसान नेता शहर के विभागों में अधिकारियों को नमस्कार करेंगे बड़ाई करेंगे और जी हजूरी करेंगे ताकि इनके मित्रता संबंध रहें। एक भी भ्रष्टाचार की,घपले की अव्यवस्था की गंदगी की शिकायत नहीं करेंगे। अखबारों में छप जाए चैनलों पर प्रसारित हो जाए तब भी शहर के उस विभाग की अधिकारी की शिकायत नहीं करेंगे। अधिकारी से मिलने जाएंगे तो भेड़ों बकरियों की तरह मिमयाएंगे। धरना प्रदर्शन का नाटक करेंगे और अधिकारी ने कुछ भी कह दिया तो झट से धरना उठा भी लेंगे। जनता के लिए जनता के साथ होने का नाटक करेंगे। ये नेता केवल अपना काम होने की राजनीति करते हैं कि शहरी अधिकारी उनके हितों की रक्षा करे,बाकी शहर की जनता को लूटता रहे, परेशान करता रहे, नेताओं को जनता की परेशानियों से कोई मतलब नहीं। दफ्तरों में 11 बजे से पहले अधिकारी आते नहीं और दो तीन घंटे के बाद लंच में चले गए तो वापस लौटते नहीं। ये जो सूरतगढ़ में निवास करने वाले किसान नेता बने हुए हैं, इनको सभी परेशानियों का लूटखसोट का मालुम है।

👌 भारतीय जनता पार्टी का राजस्थान में राज है तो उसके कथित नेता नेतियों के तो आंख कान मुंह बंद है और वे तीन बंदर बने हुए हैं लेकिन गैर भाजपा कांग्रेस और अन्य पार्टियों के नेताओं को तो विरोध करना चाहिए। लेकिन सबसे बड़ी रोने वाली शोक मनाने वाली बात यह है कि कोई जिंदा होने का सबूत देता कार्वाई नहीं करना चाहता। 

* भाजपा के नेता नेतियां नगर मंडल अध्यक्ष से जिलाध्यक्ष तक अपनी पार्टी में,निदेशालयों, मंत्रालयों में और पार्टी प्रदेशाध्यक्ष को लिखित तो देकर भ्रष्ट अधिकारी को चलता करवा सकते हैं। राजस्थान सरकार के आदेश भ्रष्ट अधिकारी पालन नहीं करते और यह भाजपा नेताओं नेतियों सभी को मालुम है।

भ्रष्टाचार के सबूतों के होते हुए भी भाजपा कार्यकर्ता और नेता शिकायत जयपुर तक नहीं पहुंचाते। क्या सच्च में भाजपा नेताओं को भ्रष्टाचार और भ्रष्ट अधिकारियों का मालुम नहीं है? सूरतगढ़ की बागडोर अभी पूर्व राज्य मंत्री रामप्रताप कासनिया के पास है और वे और उनके बेटे संदीप कासनिया को सच्च में भ्रष्टाचार और भ्रष्ट अधिकारियों का मालुम नहीं है। किन किन भ्रष्ट अधिकारियों को बचाकर सूरतगढ़ में रखना चाहते हैं, कि शहर भर में चर्चाएं हैं। भाजपा के नेताओं ने अपने हितों अपने स्वार्थों अपनी संपत्तियों के लिए गलत कामों के लिए शहर को बलि पर चढा रखा है। इसलिए भ्रष्ट अधिकारी भयमुक्त होकर लूटखसोट कर रहे हैं।

एक लाख की आबादी वाले शहर को एकदम सूना लावारिस जैसा छोड़ रखा है।०0०

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का जन्मदिन. 

17 सितंबर 2025.8

* करणीदानसिंह राजपूत,

पत्रकार ( राजस्थान सरकार से अधिस्वीकृत लाईफटाइम) सूरतगढ़.

94143 81356.

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रविवार, 10 मई 2026

अधूरे सौंदर्यीकरण में उद्घाटन. शनिवार छुट्टी के दिन किसका आदेश था?

 



* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 10 मई 2026.नगरपालिका प्रशासन ने बाजार में सौंदर्यीकरण के अधूरे निर्माण में ही हेरिटेज लाईटों का अचानक शनिवार 9 मई शाम को उद्घाटन करवा दिया। विद्युत खंभों के साथ रोड डिवाईडर अधूरे ही हैं। शनिवार को अवकाश के दिन यह उद्घाटन कार्य के आदेश किसने दिए और यह जल्दबाजी करने की जरूरत क्या थी? हेरिटेज खंभों की लाईट सुंदरता और खंभों के पास कचरा हो तो यह कैसा सौंदर्य? राजस्थान अनुसूचित जाति एवं वित्त आयोग के अध्यक्ष राजेंद्र नायक से यह उद्घाटन कराया गया और इस उद्घाटन में पूर्व राज्यमंत्री रामप्रताप कासनिया शामिल थे। राजेंद्र नायक ने प्रदेश सरकार की बड़ाई भी कि और कहा कि प्रदेश सरकार शहरी सौंदर्यीकरण व स्वच्छता पर लगातार कार्य कर रही है। अध्यक्ष का वक्तव्य और उद्घाटन मौके से मेल नहीं खाता। बाजार में कचरा हो तथा नाले गंदगी भरे हों तो कैसा सौंदर्य? 



राजस्थान अनुसूचित जाति एवं वित्त आयोग के अध्यक्ष राजेंद्र नायक को तो कचरे गंदगी का मालुम नहीं हो मगर संयुक्त व्यापार मंडल अध्यक्ष व सचिव को तो मालुम है। नगरपालिका के पूर्व अध्यक्ष ओमप्रकाश कालवा और भाजपा के कुछ लोग उपस्थित थे,को भी सफाई व्यवस्था फेल की जानकारी है। क्या अध्यक्ष राजेंद्र और कासनिया को भ्रम में रखा गया था। जब कार्य पूरा ही नहीं हुआ तब बीच में उद्घाटन क्यों कराया गया? सौंदर्यीकरण का यह कार्य बहुत पहले पूर्ण होना था लेकिन अभी तक बीच में लटक रहा है।

* नगरपालिका प्रशासन की तरफ से इस उद्घाटन अवसर पर विद्युत शाखा के कनिष्ठ अभियंता संदीप वर्मा मौजूद थे।

* इस कार्यक्रम में पूर्व पार्षद अजय धींगड़ा, ताखर,मयंक वशिष्ठ, कृष्ण छींपा, सत्यनारायण तावणिया,संयुक्त व्यापार मंडल के अध्यक्ष अवतार सिंह व सचिव नरेंद्र कालड़ा उपस्थित थे।०0०









शनिवार, 9 मई 2026

सुभेंदु अधिकारी सीएम बने और सूरतगढ़ के सुनील छाबडा की जीत.

 



* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 9 मई 2026. पश्चिम बंगाल में सुभेंदु अधिकारी की भवानीपुर सीट पर ममता बनर्जी को पराजित कर सीएम बनने की जीत सूरतगढ़ के भाजपा नेता सुनील छाबड़ा की भी जीत है। सुनील छाबडा ने एक महीने तक भवानीपुर के खतरनाक हमला होने की संभावना वाले मोहल्लों में जन संपर्क किया। सुनील को इलाकों की खतरनाक स्थितियों के बारे में जानकारी भी दी गई लेकिन एक ध्येय दिमाग में था भाजपा की जीत हो। सुनील छाबड़ा की सुभेंदु पटेल से भेंट हुई और कुछ कार्यक्रम भी साथ में हुए। सुभेंदु ने सुनील छाबड़ा के जनसंपर्क के तरीके को महत्वपूर्ण माना। 






सुनील छाबड़ा को पश्चिम बंगाल चुनाव में जाने का पूछा गया तब उन्होंने तुरंत ही हां कर दी थी। उस समय मालुम नहीं था कि उनको भवानीपुर भेजा जाएगा। भवानीपुर में तृणमूल कांग्रेस पार्टी से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और भाजपा के सुभेंदु अधिकारी की टक्कर थी। अनेक कार्यकर्ताओं की मेहनत ने भाजपा का संकल्प पूरा किया।

👍 सुभेंदु अधिकारी की जीत पर सुनील छाबड़ा को बधाइयां मिलने लगी थी। आज सुभेंदु के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही सूरतगढ़ में सुनील छाबड़ा की जीत मानी गई। 

* सूरतगढ़ में महाराणा प्रताप चौक पर भाजपा ने पटाखे बजाए और खूब नारे लगाए। भाजपा नेता सुनील छबड़ा और उनकी पत्नी भाजपा नेत्री काजल छाबड़ा पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष को मालाएं पहनाकर अभिनंदन किया गया। 

* भाजपा के पूर्व विधायक अशोक नागपाल, पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष आरती शर्मा,एन.डी.सेतिया, सुभाष गुप्ता,पूर्व जिला प्रमुख कविता रेगर आदि इस कार्यक्रम में शामिल हुए।०0०






गुरुवार, 7 मई 2026

फाईल कापी छपने वाले अखबार में पालिका सूचनाएं.सूरतगढ़ ईओ पर आरोप.

 

* करणी प्रेस इंडिया *

सूरतगढ़ 7 मई 2026.नगरपालिका द्वारा जारी आपत्ति सूचनाएं जो आम जनता से छुपाए रखने के लिए ईओ पूजा शर्मा एक ऐसे अखबार में छपवाती है जो जनता में एक कापी भी नहीं आता।  आपत्ति सूचना जिस अंक में छपती है वह प्रति बिल के साथ लगी होती है। ईओ को भी नहीं मिलती न पालिका दफ्तर में मिलती है। शहर के बड़े अधिकारियों अतिरिक्त जिला कलेक्टर, उपखंड अधिकारी के दफ्तर में भी नहीं। मीडिया के लोगों को भी मालुम नहीं कि कोई गुपचुप साप्ताहिक अखबार भी छप रहा है जिसकी केवल बीस तीस कापी ही छपती है। अखबार फाईल में ही रहता है।

* मीडिया के एक दो लोग ईओ पूजा शर्मा के घोटालों में उसके सहयोगी बने हैं जिनको शहर से कोई मतलब नहीं है। पूजा शर्मा से सांठगांठ करके अखबार में आपत्ति सूचनाएं छपती है। ईओ गुपचुप पेमेंट कर देती है। आम लोगों को मालुम ही नहीं होता। o0o










मंगलवार, 5 मई 2026

दर्शन:करणी प्रेस इंडिया 27 लाख से पार.पाठकों का विश्वास.

  

 


 


💐 पाठकों का बड़ा विश्वास 💐


* करणीदानसिंह राजपूत  *


सूरतगढ़  5 मई 2026 2026.


💐 27 लाख से अधिक बार 'करणी प्रेस इंडिया' को देखकर पाठक और आगे बढ चुके हैं। यह ऊंचाई पार करना प्रसन्नता के साथ और आगे बढने की प्रेरणा देने वाली भी है।

"करणी प्रेस इंडिया" पाठकों की पसंद में लगातार शिखर पर है। समाचारों और घटनाओं पर उच्च कोटि की  समालोचना के लिए लोग इस ब्लॉग साइट पर भरोसा करते हुए देखते हैं।

👌जनता को जगाने और नेतृत्व करने वाले राजनेताओं राजनैतिक पार्टियों को जनहित के लिए सजग करने का निरंतर प्रयास करने,सच्च को सामने लाने, दबे पिछड़े हुए लोगों की आवाज को उठाने,समाज को जगाने वाले विचारों को सामने लाने में 

*इस ब्लॉग साइट को सीधेे ही देेखने या इसके लिंक को फेस बुक मेरे नाम karnidansinghrajput पर देखने पढने में देश विदेश में पाठक निरंतर बढ रहे हैं। फेस बुक लिंक पर पढ कर तत्काल विचार प्रगट करने में पाठक गण भी आगे रहे हैं। 

💐पाठक सीधे करणी प्रेस इंडिया देखते हैं तब एक साथ कई समाचार देख सकते हैं।www.karnipressindia.com
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 अनेक महत्वपूर्ण स्तंभ है। महीनों और वर्षों से भी सामग्री पढी जा सकती है। 


* राजनैतिक पार्टियों एवं राजनीतिज्ञ​ सत्ताधारी लोगों की सही स्थिति को जनता के सामने रखने की कोशिश रही है। राजनेता धनबली और भ्रष्टाचारी सदा ही मीडिया को अपने विचारों से चलाना चाहते हैं। लेकिन हम इस ब्लॉग में लोगों के साथ रहते हुए सच्चाई को ही आगे लाने के प्रयास में रहे हैं। सामाजिक धार्मिक आर्थिक विषय शहरी व ग्रामीण, सरकारी व गैर सरकारी सभी में आगे रहने का प्रयास सदा सफल रहा है।हमारे विचार,टिप्पणियां,लेख कहानियां,कविताएं  आदि सामग्री सभी वर्गों द्वारा सराहे जाते रहे हैं।हमारे पाठकों की आलोचनाओं समालोचनाओं और सलाह ने ही इस ब्लॉग को ऊंचे शिखर पर पहुंचाया है।व्यक्तियों के बजाय तथ्यों वाले कानून   एवं नियमों को सर्वाेपरि मानते हुए आगे बढे हैं। महिलाओं व लड़कियों के साथ अपराध बढ़े हैं इसलिए सावधान व सतर्क रहने की जागरूकता के लिए सच्चे समाचार रिपोर्ट की पोस्टों को लिखा जा रहा है।

 * कन्याओं को बचाने का अभियान हो  या नशा मुक्ति अभियान हो, रक्तदान हो,वृक्षारोपण हो,उनकी सामग्री देने में आगे रहे हैं। सरकारों व प्रशासन ने सजगता के लिए जो कार्य योजनाएं लागू की,उनको हमने तुरंत जनता के पास पहुंचाया। 
👌पाठकों का यह विश्वास ही विज्ञापन का बड़ा आधार है। विज्ञापन दाता इसका प्रभाव देख रहे हैं और उन्नति कर रहे हैं।

👌पाठकों से आग्रह है कि करणी प्रेस इंडिया को देखते रहें व फोलोवर बनें।

💐सभी को बधाई एवं शुभकामनाएं!💐www.karnipressindia.com
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5 मई 2026. 2026.

करणीदानसिंह राजपूत,62 वर्ष से पत्रकारिता व लेखन (1965-66 से प्रारंभ)

स्वतंत्र पत्रकार ( राजस्थान सरकार के सूचना एवं जनसंपर्क सचिवालय से अधिस्वीकृत आजीवन.)
सूरतगढ़ ( राजस्थान) भारत.
मो.91 94143 81356.**



बाल वाहन में अनियमितता व शिक्षण में दंड.संचालक फंसेंगे पुलिस केस में.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

 अनेक स्कूलों में असीमित भयानक अनियमितताएं हैं जिनसे स्कूल संचालक, प्रधानाचार्य, शिक्षक पर जेल जाने और स्कूल बंद होने तक की पुलिस मुकदमे तक की आफत आ सकती है। छोटे छोटे बच्चों को बाल वाहन में भेड़ बकरियों की तरह भरना और स्कूल में शारीरक मानसिक दंड देना, पीटना और पिटवाने की शिकायतें हैं मगर संचालकों को मालुम है और मालुम नहीं भी है। कभी भी कोई भी बच्चा शारीरक दंड से डांट से परेशान हुआ घायल हुआ किसी का हाथ पैर काम करना बंद हुआ या कोई गड़बड़ी हुई तो गुरूजी की गुरूआई खत्म हो जाएगी। स्कूल संचालकों की जानकारी में होती है ये सब अनियमितताएं  साधारण में,सब चलता है,कुछ नहीं होता, जैसी सोच से हल्के में लेते हैं और फंसने पर सब बरबाद हो जाता है। 

* छोटे छोटे बच्चे भी दंड से डांट से आत्महत्या जैसे कदम उठा लेते हैं तब संचालक ऐसे फंसता है कि केस में से निकल नहीं पाता। अभिभावक कह दें कि डराओ धमकाओ थप्पड़ मार दो तब भी शिक्षक को ऐसा नहीं करना चाहिए। 

* मेरी जानकारी में स्कूली छात्र की आत्महत्या का एक मामला है जिसमें उच्च माध्यमिक स्कूल के संचालक पर मुकदमा है तथा गिरफ्तारी आदेश पर उच्च न्यायालय जोधपुर से स्टे लेकर फिलहाल बचे हुए हैं।*

* बाल वाहन का रंग पीला होना चाहिए और भी कड़े नियम हैं जिनका पालन नहीं किया जाता। वाहन किराए पर और उसमें क्षमता से अधिक बच्चे। लेखक ने अनेक बार छोटी बालवाहिनी में बच्चों को ठूंसा हुआ और सीट से नीचे बैठे हुए भी देखा है। इसमें अभिभावकों की भी गलती है कि जब वे वाहन का शुल्क देते हैं तो अपने  बच्चे से ऐसा व्यवहार स्वीकार क्यों करते हैं। इसमें यातायात विभाग, पुलिस भी दोषी है जो जांच नहीं करते। अच्छे स्कूल के चक्कर में अपने कोमल अंग बच्चों को यातनाओं के हवाले कर देते हैं।

* स्कूल संचालक, प्रधानाचार्य, शिक्षक दंड देने की और वाहन में ठूंसने की गलत हरकतें करते हैं तो अभिभावकों को पुलिस में शिकायत कर देनी चाहिए। बच्चे का जीवन स्कूल के संचालक की कार्वाईयों से अधिक महत्वपूर्ण है इसलिए बच्चों से वाहन,कक्षा में दंड आदि के बारे में जानकारी लेते रहना चाहिए।०0०

5 मई 2026.

* करणीदानसिंह राजपूत,

स्वतंत्र पत्रकार,( राजस्थान सरकार से अधिस्वीकृत)

पत्रकारिता अनुभव 62 वर्ष,

सूरतगढ़ ( राजस्थान )

94143 81356.

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सूरतगढ़.लोहे के थड़ों का अतिक्रमण.जेसीबी चलेगी. नगरपालिका प्रशासन सख्त.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 5 मई 2026.

नगरपालिका प्रशासन ने सोमवार शाम को भग्गुवाला कुआ से होते त्रिमूर्ति मंदिर रोड पर अतिक्रमणकारियों को हटाया व नालों पर किए पक्के अतिक्रमण दो दिन में हटा लेने की छूट दी। वहीं मंगलवार यानि आज से जेसीबी से अतिक्रमण हटाने की चेतावनी भी एक अखबारी खबर में है।

सुभाष चौक से महाराणा प्रताप चौक तक कुछ दुकानदारों ने तीन फुट के सीमेंट थड़े को लोहे के एंगल आयरन से 5-6 फुट तक सड़क पर कर रखा है और चेतावनी के बाद भी हटाया नहीं है। थड़े का इस्तेमाल व्यवसाय में नहीं कर सकते। दुकानदारों ने बीकानेर रोड पर नालों पर और लोहे के थड़ों से सड़क पर  अतिक्रमण किया हुआ है और नगरपालिका की चेतावनी के बाद भी अतिक्रमण हटाए नहीं हैं। फरिश्ता होटल का एक प्रचार पट्ट सड़क बीच अतिक्रमण है। अनेक साईन बोर्ड सड़कों पर अतिक्रमण हैं।बीकानेर रोड पर नाले दुकानदारों ने पक्के निर्माण से  बंद कर रखे हैं। हाऊसिंग बोर्ड के अतिक्रमण चेतावनी के बावजूद लोगों ने स्वयं नहीं हटाए हैं। हाऊसिंग बोर्ड के अतिक्रमण 9 अप्रैल की 3 दिन की चेतावनी पर हटाने थे जो 5 मई तक नहीं हटाए गये जहां जेसीबी की कार्वाई से ही वीआईपी लोग मानेंगे।०0






महेंद्र सिंह शेखावत की 'अनकी' को अकादमी का प्रकाशन सहयोग.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 5 मई 2026.

राजस्थान साहित्य अकादमी ने महेंद्र सिंह शेखावत के काव्य संग्रह 'अनकी' की पांडुलिपि को प्रकाशन में आर्थिक सहयोग के लिए चुना है। अकादमी ने सन् 2025-26 के सहयोग में अनकी का चयन किया। इस पुस्तक का अकादमी के सहयोग से मुद्रण प्रकाशन होगा। महेंद्र सिंह शेखावत की काव्यकृति सफ़र का प्रकाशन भी राजस्थान साहित्य अकादमी के आर्थिक सहयोग से सन् 2018 में हुआ था। महेंद्र सिंह शेखावत सूरतगढ़ के निवासी हैं और वर्तमान में हरियाणा में स्कूल व्याख्याता हैं।०

सोमवार, 4 मई 2026

सूरतगढ़:अतिक्रमण हटाने की शुरुआत.चेतावनी के बाद ईओ पूजा शर्मा का एक्शन.

 



* करणी प्रेस इंडिया *

सूरतगढ़ 4 मई 2026.सड़कों पर अतिक्रमण से बुरे हाल और लगातार शिकायतों के बाद नगरपालिका प्रशासन ने लाऊडस्पीकर से सूचना दी कि दुकानों के मालिक अपने अतिक्रमण हटालें अन्यथा सोमवार 4 मई से नगरपालिका अतिक्रमण ध्वस्त करेगी। आज नगरपालिका के अतिक्रमण हटाओ दस्ते ने त्रिमूर्ति मंदिर रोड पर शुरुआत की। कार्वाई के वक्त पूजा शर्मा, अतिक्रमण हटाओ कार्यक्रम की प्रभारी अंजु सहारण,कार्यवाहक सफाई निरीक्षक मनीन्दर सारसर मौके पर रहे। अधिशाषी अधिकारी पूजा शर्मा ने पूर्व में यह घोषणा कर दी थी कि अतिक्रमण हटाने के समय वे खुद मौके पर उपस्थित रहेंगी। नगरपालिका ने सड़क पर किए अतिक्रमण पर जेसीबी से कार्वाई की। अतिक्रमण की सामग्री भी जब्त की गई। 






* सड़कों नालों पर अतिक्रमण से सफाई करने में बाधा थी। लोग बार बार अतिक्रमण हटाने और सफाई कराने की मांग कर रहे थे। त्रिमूर्ति मंदिर रोड पर तो अतिक्रमणों से बहुत बुरा हाल कर दिया गया। 

रेलवे रोड,बीकानेर रोड,आवासन मंडल कालोनी आदि स्थानों पर अतिक्रमणों से बहुत बुरा हाल है।०0०






रविवार, 3 मई 2026

श्रीगंगानगर-बठिंडा ट्रेक पर इसी माह इलेक्ट्रिक ट्रेनें चलाना प्रस्तावित

 


श्रीगंगानगर, 3 मई 2026.

 क्षेत्रवासियों के लिए रेलवे से जुड़ी अच्छी खबर सामने आई। जिसमें बठिंडा-श्रीगंगानगर ट्रैक पर चालू माह से इलेक्ट्रिक ट्रेक्शन वाली रेलगाडिय़ां चलनी शुरू हो जाएंगी। 

जेडआरयूसीसी के पूर्व सदस्य भीम शर्मा के अनुसार लगभग 127 किमी लंबे इस इस रेलमार्ग के बाद हमारा संपूर्ण इलाका इलेक्ट्रिफाई हो जाएगा। श्रीगंगानगर से अन्य दिशाओं में इलेक्ट्रिक इंजन से ट्रेनें पहले से चल रही है।

 उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय से फोन पर बात करने के बाद भीम शर्मा ने बताया कि इस सेक्शन पर बल्लूआना में निर्माणाधीन टीएसएस (ट्रैक्शन सब स्टेशन) का कार्य उन्नत चरण में है। बठिंडा-श्रीगंगानगर सेक्शन पर इलैक्ट्रिक लाईनें बिछाने का कार्य पहले ही पूरा हो चुका है और इसका ट्रायल भी पूरी तरह से सफल रहा है। 

उन्होंने बताया कि यह सुविधा शुरू होने से श्रीगंगानगर से अबोहर होते हुए दिल्ली, हरिद्वार की ओर जाने वाली गाडिय़ों का बठिंडा में इंजन बदलने की समस्या समाप्त हो जाएगी। वहीं भविष्य में बठिंडा-श्रीगंगानगर के बीच ईएमयू पैसेजर गाडिय़ां चलने का रास्ता भी साफ हो जाएगा। ईएमयू ट्रेनों से लोको रिवर्सल की बड़ी समस्या से रेलवे को छुटकारा मिल जाएगा।०0०











सूरतगढ़:सफाई के ऊपर के आदेश लोगों को बताओ.ईओ सभी को जानकारी दे और सहयोग ले.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 3 मई 2026. नगरपालिका प्रशासन ने 4 मई से बाजारों में सफाई शुरू करने अतिक्रमण हटा लेने की सूचना लाऊडस्पीकर से प्रचारित की है। ईओ पूजा शर्मा ने संयुक्त व्यापार मंडल के अध्यक्ष अवतार सिंह और सचिव नरेंद्र कालड़ा से बात कर सहयोग मांगा है कि ऊपर से आदेश हैं। 

👌 ऊपर का जो भी आदेश है वह दुकानदारों को और आम लोगों को बताया जाना जरूरी है कि क्या सफाई होगी और  इसमें दुकानदार और लोग किस प्रकार का सहयोग करें। अभी तो समस्त दुकानदारों को मालुम ही नहीं कि क्या होगा? यह संशय  मिटाना चाहिए। संयुक्त व्यापार मंडल के अध्यक्ष और सचिव से बात करना और उनसे सहयोग मांगना अपूर्ण है। अध्यक्ष सचिव ने आगे सभी व्यापारिक संस्थानों के अध्यक्षों को भी सूचना देनी चाहिए थी। सभी को समस्त जानकारी देनी चाहिए थी। अखबारों में मीडिया में जो कुछ प्रचारित हुआ वह सभी ने अपने हिसाब से किया। असल में नगरपालिका ईओ को आधिकारिक घोषणा अखबारों में विज्ञापन छपवा कर करनी चाहिए थी। ईओ को यह कमी तुरंत दूर करनी चाहिए और सभी संस्थाओं से सहयोग लेना चाहिए। यह इसलिए जरूरी है कि सभी पूरी तरह से अवगत हो जाएं और कोई विवाद पैदा न हो सके।


०0०







शनिवार, 2 मई 2026

कलाम पार्क और आसपास का इलाका विशाल कचरा पात्र. ईओ पूजा शर्मा की लापरवाही से स्वच्छ भारत अभियान फेल.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 2 मई 2026. नगरपालिका की अधिशासी अधिकारी पूजा शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान को पूरी तरह से फेल कर दिया है। कलाम पार्क एक विशाल कचरा पात्र बना दिया गया है और आसपास का क्षेत्र भी कचरे गंदगी से भरा है। भाजपा की सरकार है और यहां कहने को भाजपा और संघ के कर्मठ निष्ठावान कार्यकर्ता काफी है लेकिन ईओ पूजा शर्मा की लापरवाहियों व भ्रष्टाचार पर सरकार को शिकायत करने सूचना देने पार्टी के अध्यक्ष को सूचना देने की हिम्मत नहीं या सभी पूर्वराज्यमंत्री रामप्रताप कासनिया और उनके बेटे संदीप कासनिया से डरते हैं। यहां शासन का संचालन पिता पुत्र के द्वारा हो रहा है और ईओ पूजा शर्मा को इनका संरक्षण प्राप्त है। हालांकि पूजा शर्मा के भ्रष्टाचार घोटालों व शहर की गंदगी पर कासनिया की हर जगह बदनामी हो रही है।

* ईओ रेलवे स्टेशन के आगे के बाजार में हेरिटेज लाईट और डिवाइडर बनवा कर सौदर्यीकरण करा कर जनता में पाकसाफ अधिकारी दिखाई देना चाहती है लेकिन शहर की गंदगी से श्रेय मिलना संभव नहीं है। अभी हेरिटेज लाईट डिवाइडर का काम चल रहा है तथा उस पर भी गुणवत्ता में घटियापन का आरोप है। अनेक वार्डों के भ्रमण में नालियां कचरा भरी घास उगी हुई नजर आई व कचरे झाड़ियों के ढेर मोदी अभियान को फेल करते मिले।




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