करणी प्रेस इंडिया

गुरुवार, 17 सितंबर 2026

सूरतगढ़:भाजपा ने अचानक पार्षदों का ठिकाना क्यों बदला.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 17 सितंबर 2026.

भाजपा खेमे में भाजपा व निर्दलीय पार्षदों का  ठिकाना बदल दिया गया है, सूरतगढ़ के राजमहल रिसोर्ट से आज अज्ञात स्थान को ले जाया गया है। अब शहर से बाहर ले जाया गया है। अध्यक्ष पद के निर्वाचन की तारीख 21 सितंबर ज्यों ज्यों नजदीक आ रही है त्यों त्यों सेंध लगने और पार्षदों से संपर्क करने का दबाव बढ रहा है। भाजपा पार्षदों का ठहराव स्थल हरेक की पहुंच में था इसलिए अब काफी दूर ठिकाना तय किया गया।०0०

विधायक डुंगरराम गेदर के विरुद्ध शहर में तूफान:राजाराम गोदारा से अध्यक्ष पद की सौदेबाजी से शहर बचाओ की आवाज़ उठी.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 17 सितंबर 2026.नगरपालिका बोर्ड के अध्यक्ष पद पर राजाराम गोदारा की सौदेबाजी से  उनकी पत्नी परमेश्वरी देवी गोदारा का नामांकन विधायक डुंगरराम गेदर द्वारा पेश कराने के बाद से तूफान मचा है। सोशल मीडिया पर  डुंगरराम गेदर पर बहुत कुछ प्रसारित हो रहा है। गेदर पर सवाल उठाए जा रहे हैं।

* शहर में गेदर की हवा खराब हुई है। एक ही बात निकल रही है कि राजाराम गोदारा की शर्त गेदर ने क्यों मानी? 

👌 राजाराम गोदारा के पास दो निर्दलीय पार्षद उनकी पत्नी परमेश्वरी देवी व पुत्र महेंद्र गोदारा थे। राजाराम ने कांग्रेस का साथ देने में शर्त रखी कि उनकी पत्नी परमेश्वरी देवी को अध्यक्ष बनाया जाए। कांग्रेस पार्टी के 16 पार्षद चुन कर आए हुए थे, उन पर निर्दलीय परमेश्वरी देवी को थोप दिया गया। सोलह पार्षदों से पूछा तक नहीं गया।

👌 अध्यक्ष की महिला सामान्य सीट पर ओबीसी की परमेश्वरी देवी का नाम विधायक डुंगरराम गेदर ने कैसे और क्यों तय कर लिया जबकि सामान्य वर्ग की महिला पार्षद भी कांग्रेस में जीत कर आई हुई थी। 

👌 कांग्रेसी खेमे में जो निर्दलीय शामिल हुए, वे भी खुश नहीं है। 

👌👌 हालात राजाराम गोदारा से शहर बचाओ की आवाज़ जोर पकड़ रही है। अब केवल वोटिंग ही बची है जिसमें शहर बचाओ के तहत परमेश्वरी देवी गोदारा को कांग्रेसी खेमे में से निर्दलीय पार्षद व कांग्रेसी नाखुश पार्षद वोट नहीं देंगे। निर्दलीय पार्षद भाजपा की अध्यक्ष प्रत्याशी ज्योतिकंवर को वोट दे सकते हैं। कांग्रेस के नाखुश पार्षद भी क्रोस वोटिंग कर सकते हैं। अध्यक्ष पद की वोटिंग 21 सितंबर को है और उसके परिणाम से मालुम होगा कि शहर बचाओ आवाज़ का कितना असर हुआ है? अभी कांग्रेस और भाजपा के पास 22-22 पार्षद हैं। कांग्रेस का या कांग्रेस खेमे का एक पार्षद भी बदल गया तो शहर बच जाएगा। एक वोट बदलते ही राजाराम गोदारा की पत्नी परमेश्वरी देवी अध्यक्ष पद पर नहीं जीत पाएंगी। ऐसा होने पर विधायक डुंगरराम गेदर की पोजीशन भी पाताल में जाएगी। फिलहाल सोशल मीडिया पर विधायक डुंगरराम गेदर पर जो कुछ तूफान मचा है वह देखें पढें।०0०








बुधवार, 16 सितंबर 2026

भाजपा के कासनिया को करोड़ों की जमीन देने वालों को कांग्रेस द्वारा मुकुट.गेदर की राजनैतिक लाईफ में बड़ी गिरावट.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 16 सितंबर 2026.विधायक डुंगरराम गेदर ने पहले उनको भूमि अपराधी बताया और दस बारह दिन टिकट नहीं देने का खूब ढोल पीटा और आज सत्ता का मुकुट पहना दिया। गेदर के इस निर्णय की शहर में  हर ओर आलोचना हो रही है। डुंगरराम गेदर ने जिला परिषद चुनाव में जो किया था उसे लोग भूल गये थे लेकिन आज वह किस्सा फिर से लोगों की जुबान पर आया है। डुंगरराम गेदर ने जिसको दोषी बताया और आज उसी दोषी को सिर पर बैठा लिया। उसने जो मांगा वह उसके घर जाकर दिया। राजनैतिक सक्रिय लोगों की चर्चाओं में कहा जा रहा है कि गेदर को कड़ा रुख रखना था कि कुछ भी हो,बोर्ड बने या नहीं बने लेकिन जिनको टिकट नहीं दी उनको अध्यक्षता का ताज नहीं पहनाऊंगा। लोगों का मानना है कि कासनिया की जमीन मामले में रिट वापस लेने में जो खेल हुआ था वैसा ही खेल यहां तो नहीं हो गया है। गेदर ने पहले कहा था कि कांग्रेस का ईमानदार बोर्ड बनाएंगे। अब यदि गोदारा की जीत होती है तो वह तो कासनिया को जमीन देने वाले दोस्त परिवार की जीत होती है। मतलब एक प्रकार से कासनिया की भाजपा का राज होगा, चाहे वह कागजों में जनता में कांग्रेस का राज दिखता रहे। सीट पर नहीं थे केवल सदस्य थे तब करोड़ों की जमीन दिलवा दी तो सीट पर आने के बाद कासनिया के और गलतसलत काम हुए तो कांग्रेस और गेदर कैसे रोक पाएंगे?

👌 सूत्रानुसार यह मुकुट स्थाई रहेगा या क्रोस वोटिंग में उतर जाएगा पर भी चर्चा शुरू हो चुकी है। क्रोस वोटिंग निश्चित होगी की सूचना भी रात को आदान प्रदान हुई है।०0०







सूरतगढ़:परमेश्वरी देवी गोदारा को अध्यक्ष बनाने का दबाव डुंगरराम गेदर को मानना पड़ा.भाजपा संगठन चक्कर घिनी.

 


* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 16 सितंबर 2026.

नगरपालिका बोर्ड के अध्यक्ष पद निर्वाचन के लिए भरतीय जनता पार्टी से श्रीमती ज्योतिकंवर और इंडियन नेशनल कांग्रेस से श्रीमती परमेश्वरी देवी का नामांकन हुआ। 

* भाजपा नेताओं के साथ ज्योतिकंवर ने पहले सवा बारह बजे अपना आवेदन पेश किया।

* कांग्रेस नेताओं के साथ परमेश्वरी देवी ने दोपहर में आवेदन पेश किया।

👌 निर्दलीय परमेश्वरीदेवी को अध्यक्ष बनाने का प्रस्ताव कांग्रेस को मानना पड़ा.

👌 विधायक डुंगरराम गेदर ने टिकट वितरण में उन कांग्रेसियों और परिवार के टिकट काट दिए थे जिन्होंने कासनिया से संबंधित स्कूल को जमीन देने के प्रस्ताव का समर्थन किया था व कुछ बैठक में विरोध के लिए शामिल ही नहीं हुए थे। राजाराम गोदारा परिवार के टिकट कांग्रेस ने काट दिए। इस पर राजाराम गोदारा परिवार में से पत्नी परमेश्वरी देवी और पुत्र महेन्द्र गोदारा ने निर्दलीय चुनाव लड़ा। चुनाव के बीच में पार्टी ने राजाराम गोदारा को ओबीसी के जिलाध्यक्ष पद से हटा दिया। परमेश्वरी देवी और महेंद्र गोदारा दोनों जीत गए। राजाराम गोदारा के कुछ और पार्षद भी जीत गये,उधर कांग्रेस के 16 और भाजपा के 16 पार्षद जीते।बहुमत कांग्रेस भाजपा दोनों के पास नहीं आया। भाजपा के पास 22 पार्षद होने का समाचार फैला। यह भी समाचार फैला कि भाजपा अध्यक्ष बना लेगी। 

👍 ऐसे विकट समय में राजाराम गोदारा ने दबाव बनाया और अपनी पत्नी परमेश्वरी देवी गोदारा के लिए अध्यक्ष पद मांगा। विधायक डुंगरराम गेदर को मजबूरी में यह मांग माननी पड़ी। अब कांग्रेस के पास पर्याप्त बहुमत होने से परमेश्वरी देवी गोदारा के अध्यक्ष पद पर जीत होगी। क्रासवोटिंग का खतरा असंभव है। यह माना जा रहा है कि अब परमेश्वरी देवी गोदारा का पांच साल अध्यक्ष राज रहेगा। परमेश्वरी देवी पहले पार्षद रह चुकी है। राजाराम गोदारा और महेंद्र गोदारा भी पहले पार्षद रह चुके हैं। राजाराम गोदारा को ओबीसी के जिलाध्यक्ष पद पर पुनः बहाल किया जा सकता है। सभी ओर चर्चा है कि राजाराम गोदारा ने अपनी ताकत दिखाकर सारी बाजी पलट कर रखदी। डुंगरराम गेदर को उनकी शर्त माननी पड़ी। अध्यक्ष पद का चुनाव 21 सितंबर 2026 को है। क्रोसवोटिंग नहीं हुई तो परमेश्वरी देवी का अध्यक्ष चुना जाना निश्चित है। एकदम से हुए इस घटनाक्रम से भाजपा के दिग्गज नेता और संगठन पदाधिकारी चक्कर घिनी हो गये हैं। भाजपा के बहुत बड़ी चपत लगी है। जीमणे से पहले थाली हटाई जाने जैसी हालत हुई है। देखते हैं भाजपा अब कौनसा गेम खेलती है। टिकटें गलत बांटने से सीटें कम आने का आरोप चल रहा था कि यह नयी आफत आ गई।०0०





मंगलवार, 15 सितंबर 2026

सूरतगढ़: कांग्रेस के पास 16 पार्षद.किसी हालत में 23 नहीं होंगे.गेदरजी कैसे बनाएंगे कांग्रेस का बोर्ड.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 15 सितंबर 2026.

गंगाजल मील थे तब सन् 2019 में कांग्रेस को 45 में से 22 पार्षद आए थे और अब विधायक डुंगरराम गेदर की पावर में सन् 2026 में 16 पार्षद आए हैं। इस हालत से डुंगरराम गेदर की राजनैतिक पावर कमजोर साबित हुई है।


 गेदर जी ने कहा है कि कांग्रेस का बोर्ड बनाएंगे। गेदर जी 16 पार्षदों से कांग्रेस का बोर्ड कैसे बनाएंगे? बोर्ड बनाने के लिए 23 पार्षदों का बहुमत चाहिए।

👌 गेदर जी के पास कांग्रेस के 16 पार्षद हैं उनमें 7 जोड़ने पर बहुमत के 23 होते हैं। गेदर जी ये 7 पार्षद कहां से लाएंगे? 

👌भाजपा खेमे में 22 कांग्रेस के पास 16 और राजाराम गोदारा के घर में 3 हैं, ये सभी कुल हुए 41 बाकी 4 ही बचे जिसमें 3 निर्दलीय और 1 माकपा। ये 4 सभी कांग्रेस का साथ दें तब भी गेदरजी के कांग्रेस खेमे में 20 ही होंगे और बहुमत नहीं होगा।

* ये जो तीन निर्दलीय इनमें से भी कोई भाजपा में जा सकता है। 

👌 राजाराम गोदारा को खूब नीचा दिखाने की कोशिश की गई थी इसलिए गोदारा के 3 पार्षद उनकी पत्नी, उनका पुत्र और एक सहयोगी द्वारा डुंगरराम गेदर का सहयोग करने का सोचा भी नहीं जा सकता। यह अनुमान लगाया जा सकता है की आवश्यकता पड़ने पर ये रामप्रताप कासनिया व बेटे संदीपकासनिया के लिए भाजपा के पक्ष में अध्यक्ष पद के लिए वोटिंग कर सकते हैं।

👌 डुंगरराम गेदरजी के पास यानि कांग्रेस के पास बहुमत नहीं है और बहुमत बन भी नहीं सकता।  गेदर जी कांग्रेस का बोर्ड बनाने का दावा कर रहे हैं,वह सफल होना असंभव है।०0० 







सूरतगढ़ में भाजपा बोर्ड. अध्यक्ष पद पर ज्योति कंवर का पावरफुल नाम.लेटेस्ट फस्ट रिपोर्ट.

 

* करणी प्रेस इंडिया *

सूरतगढ़ 15 सितंबर 2026.

भारतीय जनता पार्टी नगरपालिका का बोर्ड बनाने की प्रक्रिया में पार्षदों की पर्याप्त बहुमत संख्या जुटाने में कांग्रेस से आगे है और अध्यक्षीय पद के चुनाव के लिए श्रीमती ज्योति कंवर का एक बड़ा पावरफुल नाम भी है। करणी प्रेस इंडिया के विभिन्न जानकारियों और शहर भर में उठी आवाज में भाजपा का बोर्ड और ज्योति कंवर की चर्चा आम है।



* नगरपालिका के 45 वार्डों में भाजपा और कांग्रेस को सोलह सोलह वार्डों में जीत मिली। एक वार्ड में माकपा व बारह वार्डों में निर्दलीय जीते हैं। अधिकांश निर्दलीय सत्ता पार्टी के साथ जाते हैं और यहां भी ऐसी ही सूचनाएं चल रही है। भाजपा पार्षद बहुमत की ओर बढ रही है। 

👌 पक्की सूचना के अनुसार अध्यक्ष पद के लिए ज्योति कंवर का नामांकन कल 16 सितंबर 2026 को होगा और दो सैट भरे जाएंगे।

सूत्रानुसार इसके लिए फार्म दो सैट ले लिए गये हैं। भाजपा में अधिक पार्षद ज्योति कंवर के नाम को ही मान रहे हैं। सूत्रानुसार ज्योति कंवर के अलावा किसी ओर का नाम अभी सामने नहीं है। भाजपा में और जो निर्दलीय शामिल हुए हैं में ज्योतिकंवर के साथ अधिक पार्षद है। अभी लगता नहीं कि कोई अन्य नाम भी होगा। यदि भाजपा की तरफ से एक से अधिक नामांकन हुए तो आवेदन पत्र की जांच के बाद ज्योतिकंवर के अलावा अन्य नामांकन वापस ले लिया जाएगा।

👌 करणी प्रेस इंडिया ने 31 अगस्त 2026 को एक रिपोर्ट प्रकाशित की थी कि सबकुछ ठीक रहा तो राजपुतानी ज्योतिकंवर नगरपालिका अध्यक्ष हो सकेगी। नगरपालिका क्षेत्र में मतदान 9 सितंबर 2026 को हुआ और रिपोर्ट 9 दिन पहले ही दी गई  थी। जनता के बीच जो चर्चा चल रही थी वह रिपोर्ट का बड़ा आधार था। वह रिपोर्ट भी यहां एक बार पुनः दे रहे हैं।





यहां विभिन्न वर्गों के चेयरमैन बनाए जा चुके हैं। राजपूत वर्ग की पहली चेयरमैन ज्योतिकंवर होंगी। अभी तक सब ठीक हो रहा है। ज्योतिकंवर की सास और पति सुरेन्द्र सिंह राठौड़ पार्षद रह चुके हैं। परिवार करीब चालीस सालों से राजनीति व सामाजिक कार्यों में सक्रिय है। 21 सितंबर 2026 को चेयरमैन पद के लिए मतदान होगा। ज्योतिकंवर को 23 के बहुमत से कुछ अधिक वोट मिलने की संभावना है।

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सोमवार, 14 सितंबर 2026

सूरतगढ़ भाजपा अभी बोर्ड बनाने से बहुत दूर- अध्यक्ष का नाम निकालना भी आसान नहीं. क्या है कारण?

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 14 सितंबर 2026.

नगरपालिका में भाजपा का बोर्ड बनाने का दावा है मगर अभी हांफ रहा है जिसका कारण यह है कि 16 वार्डों में जीत प्राप्त करने और कुछ निर्दलीयों का साथ होने के बावजूद सत्ता पार्टी के पास 23 का बहुमत नहीं बना है। पार्टी में अकड़ है और यह सोच  है कि सत्ता होने के कारण निर्दली पार्षद अपने आप आएंगे और बोर्ड बन जाएगा। लेकिन ऐसा हुआ नहीं। दिन के 12 बजे के करीब सभी 45 वार्डों का परिणाम आया लेकिन भाजपा 16 से आगे बढ नहीं पाई। इतने ही वार्डों में इंडियन नेशनल कांग्रेस की जीत हुई। भाजपा में कुछ निर्दलीय पार्षद समर्थन को पहुंचे मगर संख्या 20 से आगे नहीं बढी। चुनाव परिणाम दिन में 12 बजे आया और 10 घंटे बाद रात के 10 बजे तक और कोई निर्दलीय सत्ता सुख के लिए नहीं पहुंचा। भाजपा नेता सोच रहे थे कि निर्दलीय अपने आप आएंगे और अपने आप आने के बावजूद संख्या 20 से आगे नहीं बढ रही। 

👌 अगर और  निर्दलीय नहीं आते हैं और संख्या 23 नहीं होती है तब भाजपा का क्या होगा?

👌 भाजपा को जिन निर्दलीयों के आने का भरोसा है और उनको  कांग्रेस की तरफ से आमंत्रण मिलता है और शक्ति के लिए किसी को चैयरमेन पद भी देने का प्रस्ताव हो तब कांग्रेस बहुमत से बोर्ड बनाले तब भाजपा और उसके नेताओं का क्या होगा?

👍 अभी भाजपा चेयरमैन का नाम तय करने तक की स्थिति में नहीं है। भाजपा में चैयरमैन पद के लिए अब एक नाम नहीं है बल्कि और भी दावेदारों की जीत हो चुकी है। अब भाजपा में चेयरमैन पद के चुनाव तारीख 21 सितंबर से पहले चैयरमैन का नाम निकालना ही मुश्किल है।

👌👌 ऐसा लग रहा था कि चेयरमैन के पद की कई दावेदार महिलाएं चुनाव में हार गई और अब केवल एक ज्योति कंवर का नाम बचा है। लेकिन जिला प्रभारी दशरथ सिंह शेखावत और चुनाव प्रभारी जसवंत सिंह ईंदा के लिए अब यह नाम चुनना आसान नहीं रहा जब और भी जीती हुई महिलाएं मौजूद हों। हो सकता है कि यहां अध्यक्ष चुनाव का नाम तय करने के लिए दशरथ सिंह और जसवंत सिंह के अलावा कोई और भी नियुक्त कर दिए जाएं या मांग हो जाए कि इनके स्थान पर किसी अन्य को अध्यक्ष नाम तय करने के लिए भेजा जाए।०0०


सूरतगढ़ नगरपालिका चुनाव भाजपा 16 कांग्रेस 16.निर्दलीय 12.कौन बनाएगा बोर्ड?

 



* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 14 सितंबर 2026.

नगरपालिका के सभी 45 वार्डों का परिणाम मतगणना के बाद जो सामने आया। भाजपा 16,इंडियन नेशनल कांग्रेस 16 भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) औल निर्दलीय 12 जीते हैं। बोर्ड निर्दलीयों के सहयोग से ही बनेगा। कौन बनाएगा बोर्ड की चर्चाएं शुरू हुई।


* वार्ड अनुसार परिणाम.*

1. मैना रानी माकपा

2 प्रमोद ज्याणी कांग्रेस

3 अनिल शर्मा निर्दलीय.

4. अनीता कंवर निर्दलीय

5. ज्योति कंवर भाजपा.

6.हरिराम स्वामी कांग्रेस

7.शिवशंकर नायक कांग्रेस

8. कौशल्या देवी कांग्रेस.

9.मघाराम स्वामी भाजपा

10. गिरधारी नाथ निर्दलीय

11. जगदीश मेघवाल भाजपा

12. अनीता धींगड़ा भाजपा.

13.सुरेशकुमार गंवरिया भाजपा

14.सुनीतादेवी भाट भाजपा

15. परमेश्वरी देवी गोदारा पत्नी राजारा म गोदारा निर्दलीय

16. महेंद्र गोदारा पुत्र राजाराम गोदारा  निर्दलीय

17.सुनीतारानी कांग्रेस

18 राजेश कांग्रेस.

19. हरीप्रसाद दाधीच उर्फ छोटू पंडित कांग्रेस

20.जयमाला सेन भाजपा

21. गुरदेव मौर्य कांग्रेस.

22. रोशनी बानो. निर्दलीय

23. राबियाबेगम.कांग्रेस

24. धर्मदास सिंधी. कांग्रेस.

25. विकास दीप गाबा भाजपा

26. नरेन्द्रकुमार कालड़ा मोनू कालड़ा भाजपा

27. सुनीतारानी टंडन निर्दलीय

28. भारत भूषण निर्दलीय

29. किशन स्वामी भाजपा

30 कृष्ण छींपा भाजपा.

31.नीरज कुमार कांग्रेस

32 रेणु भाजपा

33.संतलाल कांग्रेस

34. द्वारका प्रसाद निर्दलीय

35. प्रदीप चौहान भाजपा

36.रमेश निर्दलीय

37. अशोक मखीजा निर्दलीय

38.पूजा मोची निर्दलीय

39.प्रेमप्रकाश राठौड़ भाजपा

40. कृष्णा कोठारी कांग्रेस.

41.नीरू मुंजाल कांग्रेस

42. रेखा धुआ कांग्रेस

43. कृष्णकुमार बेनीवाल उर्फ कीनिया कांग्रेस.

44. कृष्ण गोपाल स्वामी भाजपा

45.संतोष गिरी भाजपा.०0०








रविवार, 13 सितंबर 2026

सूरतगढ़:सत्तापार्टी भाजपा की कुछ सीटें खतरे में तो कुछ पर स्पष्ट जीत का दावा.बोर्ड बनाएंगे निर्दलियों संग.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 13 सितंबर 2026.

सत्तापार्टी की तरफ सभी का ध्यान अधिक रहता है उसके अनुसार भाजपा की कुछ सीटें खतरे में है और स्पष्ट बहुमत 23 नहीं होने के अनुमान से निर्दलीयों को मिला कर बोर्ड बनाने की गतिविधियां शुरू हो चुकी हैं।

* सर्वाधिक चर्चित वार्ड नं 43 पर सभी की निगाहें हैं की यहां भाजपा की श्रीमती वीणा छाबड़ा और पूर्व पार्षद कांग्रेस के प्रत्याशी कृष्ण बेनीवाल उर्फ कीनिया की कड़ी टक्कर है। कृष्ण बेनीवाल समर्थकों द्वारा आरोप लगाए गये। सोशल मीडिया पर नोट बांटने व शराब पिलाने के बेबुनियाद आरोप लगाए जाते रहे मगर एक भी प्रमाणित नहीं हुआ। न शिकायत और न कोई फोटो। बिना किसी प्रमाण के हल्ला मचवाया गया। 👌 यहां भरोसेमंद सूत्रानुसार भाजपा की वीणा छाबड़ा की स्पष्ट जीत की संभावना है। सूत्रानुसार कुछ मुस्लिम वोट भी वीणा छाबड़ा को मिले हैं। अरोड़ा छाबड़ा वर्ग के कुछ कांग्रेस माईंड वोटर भी चुपचाप वीणा छाबड़ा की तरफ हो जाने की टुकड़े टुकड़े खबरों में हैं। रात्रि में फाईनली जानकारी ली गई तब सूत्र ने बताया कि मतदान के बाद की गई समीक्षा में वीणा छाबड़ा क्लियर रूप सीट जीत रही है। इस सीट पर सभी की निगाहें होने का एक कारण यह है कि वीणा छाबड़ा अध्यक्ष पद की मजबूत दावेदार मानी जा रही है।

*वार्ड नं 45 से श्रीमती संतोष गिरी ओबीसी को सामान्य सीट पर भाजपा ने टिकट दी है लेकिन गिरी का पुनः पार्षद बनना चर्चाओं में मुश्किल बना है। यहां कांग्रेस के प्रत्याशी राधेश्याम उपाध्याय और माकपा के पूर्व पार्षद मदन ओझा से गिरी की तिकोनी टक्कर है। यहां मदन ओझा बाहर के प्रत्याशी के रूप में माने गये हैं तथा राधेश्याम उपाध्याय को इसी वार्ड का निवासी होने का कुछ लाभ मिल रहा है।

* वार्ड नं 30 सामान्य सीट पर भाजपा ने ओबीसी के कृष्ण छींपा को टिकट दी जिससे नाराजगी हुई और असंतोष से भाजपा वोटरों का विखंडन हो गया। निर्दलीय एडवोकेट दयाशंकर शर्मा और एडवोकेट राजकुमार सेन व भाजपा के कृष्ण छींपा में भाजपा के वोट बंट जाने की चर्चा है। 

* चेयरमैन पद की दावेदार समझी जाने वाली भाजपा प्रत्याशी श्रीमती आरतीशर्मा की दूसरे वार्ड में जाकर चुनाव लड़ने की स्थिति यह है कि वहां कांग्रेस प्रत्याशी श्रीमती कोठारी की जीत मानी जा रही है। भाजपा की टिकट यहां सरावगी परिवार को दी जानी चाहिए थी लेकिन आरतीशर्मा को टिकट दी जाने के बाद सरावगी परिवार नाराज हो गया व बागी होकर निर्दलीय चुनाव में उतर गया। यहां कांग्रेस के प्रत्याशी व सरावगी निर्दलीय के बीच में टक्कर है।

* भाजपा के प्रत्याशी पूर्व पार्षद राजेन्द्र ताखर का भी पुनः पार्षद बनना खतरे में है। यहां भाजपा के ताखर, कांग्रेस के परसराम भाटिया से निर्दलीय मखीजा सभी पर भारी हैं। चर्चाओं में मखीजा की जीत पक्की मानी जा रही है। भाजपा के प्रदीप चौहान की जीत भी पक्की मानी जा रही है। पिछले बोर्ड में इनके भाई राजीव चौहान भाजपा से पार्षद थे।

* वार्ड नं 19 भी चर्चा में है जहां भाजपा प्रत्याशी रजनीमोदी,निर्दलीय साहिर सिद्दीकी और कांग्रेस के हरीप्रसाद दाधीच उर्फ छोटु पंडित से तिकोनी टक्कर है। मुख्य टक्कर कांग्रेस के दाधीच और सिद्दीकी के बीच है। इन दोंनों में से कोई भी 20-40 वोटों से जीत सकता है। 

* भाजपा के किशन स्वामी, प्रेमप्रकाश राठौड़,की जीत पूर्ण संभावना में है। भाजपा की साक्षी नागपाल, आशा कंवर, ओमप्रकाश अठवाल वार्ड 31की सीटें टक्करों में फंसी हुई हैं। 

सत्ता पार्टी के अनेक प्रत्याशियों की खबरें पहले दो तीन बार दी जा चुकी है जिनका वर्णन यहां नहीं हो पाया है।

👌 चुनाव चला रहे भाजपा नेताओं ने और प्रत्याशियों ने मीडिया से दूरी बनाए रखी। सत्ता पार्टी के समाचारों के लिए मीडिया को सर्वाधिक प्रयास करने पड़े हैं। भाजपा ने निर्दलीयों के सहयोग से बोर्ड बनाने की गतिविधियां शुरु कर दी है।०0०






शनिवार, 12 सितंबर 2026

सूरतगढ़ मतगणना से पूर्व नगरपालिका बोर्ड बनाने के दावों में भी टक्कर.निर्दलीयों का क्या होगा?

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 12 सितंबर 2026.मतगणना से पूर्व शनिवार तक राजनैतिक हालात में भाजपा ने खुद को मजबूत बताते भाजपा बोर्ड बनाने का दावा किया है। सूत्रानुसार भाजपा के अंदर अध्यक्ष का नाम सर्वसम्मति से तय होगा। निर्वाचित पार्षद अध्यक्ष का नाम तय करेंगे। अध्यक्ष पद सामान्य महिला का है जिस पर किसी भी वर्ग की महिला चुनी जा सकती है। 

* सूत्रानुसार अभी अध्यक्ष पद के नामों में ताजा स्थिति में वार्ड नं 5 की ज्योति कंवर और वार्ड नं 43 की वीना छाबड़ा के नाम हैं। इनके अलावा रजनी मोदी, साक्षी नागपाल व आशा कंवर के नाम भी मतगणना परिणाम में जीत होने पर अध्यक्ष पद चयन में शामिल होने की संभावना है। आरतीशर्मा का नाम भी शामिल है मगर सूत्रानुसार वहां कांग्रेस से टक्कर में आरतीशर्मा बहुत पिछड़ने की स्थिति में है। 

👌 वीणा छाबड़ा के पक्ष में कुछ गैरहिंदु वर्ग के वोट भी मिलने की चर्चा है। यहां कांग्रेस के प्रत्याशी कृष्ण बेनीवाल उर्फ कीनिया से वीना की कड़ी टक्कर है। सूत्रानुसार भाजपा की वीना छाबड़ा को गैरहिंदु वर्ग के वोट मिलने की संभावना के बाद भाजपा यहां दस पंद्रह से तीस चालीस वोट  से जीत की संभावना है। यहां कांग्रेस ने प्रदर्शन करते वोट मांगे वहीं भाजपा कार्यकर्ता व वीना के परिजनों ने मतदाता के घरों में बातचीत कर वोट का आग्रह किया। * सूत्रानुसार भाजपा यहां अपनी जीत पक्की मान रही है। ज्योति कंवर की जीत में कोई अड़चन नहीं है। ज्योति कंवर के पति सुरेंद्र सिंह राठौड़ और उनकी माता भी वार्ड पार्षद रह चुके हैं। भाजपा सूर्योदय नगरी क्षेत्र के वार्डों में चुनाव पूर्व की मेहनत नहीं होने से कमजोर स्थिति में है। लाईन पार के वार्डों में चार पांच भाजपा प्रत्याशी ही जीतने की राजनैतिक चर्चा है।

* भाजपा पिछले नगरपालिका चुनाव में 45 वार्डों में से केवल 12 और कांग्रेस 22 सीटें जीत पाई थी। इस चुनाव में भाजपा पिछले चुनाव से अधिक सीटें और कांग्रेस कम सीटें जीतने की आम चर्चा है। भाजपा की छह सात सीटें बढ रही है तथा चर्चा है कि भाजपा 20 सीटें जीत कर निर्दलीय चार पांच के साथ बोर्ड बनाएगी। 

* भाजपा वार्ड नं 30 से कृष्ण छींपा और वार्ड नं 45 से श्रीमती संतोष गिरी को भी जीता हुआ मान रही है जिनको ओबीसी होते हुए भी सामान्य वार्ड में खड़ा किया था। 

👌 पक्के सूत्रानुसार भाजपा नेताओं के पास निर्दलियों के मैसेज शामिल कर लेने के पहुंचने लगे हैं। सत्ताधारी पार्टी के साथ पांच से सात निर्दलीय शामिल हो सकते हैं। पैंतालीस वार्डों की नगरपालिका में यह संख्या 25 से 27 बनती है।

👌 कांग्रेस पार्टी के विधायक डुंगरराम गेदर ने सूरतगढ़ में कांग्रेस बोर्ड बनाने का दावा कुछ दिन पूर्व किया था। उन्होंने कहा था कि ईमानदार बोर्ड देंगे। कांग्रेस में चेयरमैन पद के लिए एक ही नाम पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष इकबाल मोहम्मद के परिवार से है। कांग्रेस का बोर्ड बनाने का दावा सफल होने की संभावना बहुत कम है जिसका कारण टिकट वितरण में अनेक खामियां रही है। कांग्रेस द्वारा दो सामान्य सीटों पर अनुसूचित जाति वर्ग के परसराम भाटिया ( मेघवाल) और योगेश मेघवाल को टिकटें देना बड़ी भूल रही है। इन दोनों सीटों पर कांग्रेस को बढत मिलना मुश्किल होने की चर्चा है।

👌 इस चुनाव में माकपा से एक सीट जीत की ओर बढ़ती नजर आ रही है। 

👌 निर्दलीय पार्षद 10- 11 की संभावना है जबकि पिछले बोर्ड में केवल 9 निर्दलीय थे।

👌👌राजनीति के जानकारों के अनुसार  इस बार संपूर्ण हालात में भाजपा का बोर्ड बनाने का दावा अधिक मजबूत मान रहे हैं और भाजपा इस प्रक्रिया में चल रही है। भाजपा बोर्ड बनाने में लगी है तथा सभी नेता सभी खेमें एक हुए हैं०0०







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