* करणीदानसिंह राजपूत *
जनप्रतिनिधि हो राजनेता हो विधायक सांसद हो,मंत्री हो और उसके साथ हर समय भ्रष्टाचारी व्यभिचारी बदनाम व्यक्ति रहे या साथ रखे तो आचरण पर प्रश्न उठेंगे और आरोपों के दाग भी लगेंगे। भ्रष्टाचारी व्यभिचारी बदमाश माफिया गैंगस्टर का साथ हो या जनता का साथ हो? आश्चर्य या दुर्भाग्य पूर्ण यह हो रहा है कि जीतते जनता के मतों से हैं और साथ में बदनाम लोगों को रखते हैं।
* कई राजनेता जनप्रतिनिधि कहते हैं कि जनता की सेवा के लिए उन्होंने विवाह नहीं किया लेकिन उनके दुराचार व्यभिचार के राज बाद में अप्रत्याशित घटनाओं पर ऊजागर होते हैं। भ्रष्टाचार व्याभिचार में रिकॉर्ड खुलता है। बदनाम व्यक्ति ही नेताजी के लिए औरतों लड़कियों का प्रबंध करने में थे। लोगों की नजरों में कुंवारे अविवाहित और पकड़े गये तो बेहद बदनाम।
क्या आपके शहर गांव में ऐसे नेता, अविवाहित नेता हैं जिनकी टीम में भ्रष्टाचारी व्यभिचारी हैं ? अगर नेताजी अपने संग भ्रष्टाचारी व्यभिचारी को रखते हैं तो समझ लें कि वह व्यक्ति नेताजी के लिए रुपये पैसे और व्यभिचार का प्रबंध करता है और नेताजी केवल नाम के कुंवारे अविवाहित हैं। किसी शहर में ऐसा है तो ऐसे नेताओं को सामाजिक शैक्षणिक व्यापारिक या अन्य समारोह में अतिथि बनाने से और आमंत्रित करने से दूर रहना चाहिए। शादी ब्याह और घरेलु समारोह में तो बिल्कुल नहीं बुलाया जाना चाहिए। लेकिन अनेक लोग ऐसे नेताओं के साथ अपना और अपने परिवार की स्त्रियों लड़कियों के साथ फोटो खिंचवा लेते हैं और बड़ाई में फोटो को विवरण सहित सोशल मीडिया पर भी डाल देते हैं। इस प्रकार की बड़ाई से भ्रष्ट दुराचारी नेता का गृह प्रवेश और स्त्रियों से संपर्क हो जाता है। यह प्रचार,संपर्क, संबंध बाद में आफत खड़ी कर देते हैं और व्यक्ति बाद में मुंह छिपाने को मजबूर होते हैं। रोजाना कहीं न कहीं घटनाएं होती हैं जो सोशल मीडिया पर बदनाम करती हैं। ०0०
2 अप्रैल 2026.
करणीदानसिंह राजपूत,
पत्रकारिता 62 वां वर्ष.
स्वतंत्र पत्रकार (राजस्थान सरकार से अधिस्वीकृत)
94143 81356.
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