ईओ पूजा शर्मा के ट्रांसफर की चर्चा. क्या होगा ट्रांसफर. सामान्य या दंड.
* करणी प्रेस इंडिया *
सूरतगढ़ 23 जून 2026.
नगरपालिका की अधिशाषी अधिकारी पूजा शर्मा ( मूल पद रेवन्यु आफिसर) के ट्रांसफर होने की बात रखकर चर्चा चलाई जा रही है। अभी ट्रांसफर खोले जाने के बाद यह चर्चा जानकारी लेने देने के नाम पर हो रही है। जनरल लीस्ट में ट्रांसफर होना न तो किसी नेता की शिकायत पर होना कहलाता है न दंड कहलाता है। पूजा शर्मा का ट्रांसफर ड्यु है। यहां के कार्यकाल की अवधि के हिसाब से ट्रांसफर ड्यु है। पूजा शर्मा ने यहां सूरतगढ़ में 20 फरवरी 2024 को जोईन किया था। शर्मा का कार्यकाल यहां 2 वर्ष 3 माह हो चुका है। कुछ महीनों पहले एक आवेदन हुआ था जिसमें केवल इतना लिखा गया कि सूरतगढ़ में अच्छा ईओ भेजा जाए। इस पर ट्रांसफर नहीं हुआ।
ईओ पूजा के विरुद्ध केवल एक शिकायत डीएलबी में है। पूजा शर्मा को यहां से हटाया जाकर मूल पद राजस्व अधिकारी पर भेजा जाए व यहां के कार्यकाल की जांच की जाए। पूजा शर्मा पर आरोप है कि नगरपालिका को एक करोड़ रु. से अधिक की हानि पहुंचाई लोगों का व निजी लाभ उठाया। पूजा शर्मा का ट्रांसफर होता है तो अनेक घपलों की फाईलें खुलेंगी,यह संभावना है।
अभी जो राजनीतिक स्थिति है उसमें कासनिया कालवा और भाटिया आदि कोई भी पूजा शर्मा के विरूद्ध नहीं है। ईओ पूजा शर्मा भी यहां से जाने की इच्छुक नहीं है, जिसका बड़ा कारण यह है कि ऐसा शून्य और कहीं नहीं है। भाजपा संगठन की नजर में नगरपालिका एक छोटी सी इकाई है।यहां की गतिविधियों से सत्ता में कोई प्रभाव नहीं पड़ता। कांग्रेस के हर काम तुरंत होते हैं इसलिए उनको कोई शिकायत नहीं है। आम चर्चा और माना जाता है कि पूजा शर्मा कांग्रेस का बोर्ड बनवाएगी, उसकी कार्यप्रणाली इस प्रकार की है। एक बड़ा प्रमाण है कि पूजा शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और राज्य सरकार का स्वच्छ भारत अभियान फेल करके रख दिया है।०0०