शनिवार, 3 फ़रवरी 2018

हिना सचदेवा सूरतगढ़ का पिता का एक्सीडेंट मौत का झूठा बीमा क्लेम मामला - पत्रकार वार्ता

हिना सचदेवा पत्नी प्रतीक सचदेवा सूरतगढ़ द्वारा अपने पिता की मौत का  एक्सीडेंट से मौत का झूठा बीमा क्लेम करने का मामला अदालत ने गंभीर टिप्पणियों के साथ पुलिस की फाइनल रिपोर्ट को रद्द करते हुए दोबारा जांच के लिए आदेश दिया।

 जो पिछले दिनों सूरतगढ़ के डॉक्टर उग्रसेन ने पत्रकार वार्ता में दस्तावेजों के साथ प्रस्तुत किया। 

सूरतगढ़ निवासी उग्रसेन श्री बिजयनगर के सरकारी चिकित्सालय में नियुक्त थे। उस समय बीमा कंपनी की ओर से एक पोस्टमार्टम रिपोर्ट चिमनलाल   की प्रमाणित करने का कहा गया। उग्रसेन ने पाया की उनके फर्जी हस्ताक्षर और सरकारी रिकॉर्ड में काट छांट कर के  यह जाल रखा गया है। उन्होंने ऐसा कोई पोस्टमार्टम नहीं किया था। उन्होंने यह मामला अपने अधिकारी को बताया और इस मामले को पुलिस को सौंप दिया।

 प्रतीक सचदेवा की पुलिस में SP राहुल कोटोकी  तक पहुंच के कारण इस मामले में डॉक्टर उग्रसेन को धमकाते हुए पुलिस द्वाराअंतिम रिपोर्ट दी गई। डॉक्टर उग्रसेन ने पुलिस की अंतिम रिपोर्ट को अदालत में चैलेंज किया और अदालत ने उस रिपोर्ट को अस्वीकार किया।

अदालत ने अपनी टिप्पणी में हिना सचदेवा पर बहुत सी तथ्यात्मक बिंदु लिखते हुए संकेत दिया कि अनुसंधान अधिकारी ने जानते बूझते हुए सही अनुसंधान नहीं किया। उन्होंने संबंधित अनुसंधान अधिकारी के विरुद्ध भी कार्यवाही करने का निर्देश दिया।

 सिविल न्यायालय के पीठासीन अधिकारी मनीष कुमार अग्रवाल ने 22 सितंबर 2017 को वह अस्वीकार करते हुए  दोबारा जांच का आदेश दिया था। आदेश की टिप्पणी में अदालत ने स्पष्ट लिखा कि हिना को मालूम था कि उसके पिता चिमनलाल की मृत्यु बीकानेर में हुई जो एक्सीडेंटल नहीं थी फिर भी उसका एक्सीडेंटल क्लेम किया गया और पोस्टमार्टम रिपोर्ट श्रीबिजयनगर में तैयार होना बताया और इस पर डॉक्टर उग्रसेन के हस्ताक्षर बताए गए।

डॉ उग्रसेन ने इस मामले उठाया तब पुलिस ने समझौते के लिए दबाव डाला और डॉक्टर के इनकार करने पर धमकाया गया। वह सचदेवा के मिलने वाले लोगों के मारफत झूठे मुकदमे भी दर्ज करवाए गए।

 (डॉक्टर को हर तरह से परेशान किया गया आखिर तंग आकर डॉक्टर ने  सूरतगढ़ अदालत में एक इस्तगासा पेश किया जिसमें पुलिस अधिकारियों सहित अन्य लोगों पर मुकदमा दर्ज कर जांच करने का आदेश सिटी पुलिस सूरतगढ़ को दिया गया।)

यह फाइनल रिपोर्ट और अदालत का टिप्पणी - पूरी रिपोर्ट यहां ज्यों की त्यों त्यों फोटो रूप में दी जा रही है। 

 

पूरी रिपोर्ट पढ़ें या हिना के बारे में अदालत द्वारा दी गई टिप्पणी जो पेज 4 से शुरू है वह पढ़ सकते हैं।

 सूरतगढ़ अदालत द्वारा मुकदमे का जो आदेश दिया गया है वह समाचार अलग से दिया जाएगा सच की प्रतीक्षा करते रहे।

 पुलिस की दोबारा जांच के बाद जो भी  रिपोर्ट मिलेगी वह भी देने का प्रयास होगा।

 








 


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