गुरुवार, 12 फ़रवरी 2026

जर्जर न्यायालय भवन से दुर्घटना की आशंका: न्यायिक अधिकारी,वकील,जनता सब खतरे में.

 

* विशेष रिपोर्ट:करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 12 फरवरी 2026.

विश्वप्रसिद्ध  सूरतगढ़ में राजकीय प्रशासनिक कार्यालयों के नये भवन,शहर में आलीशान नवीनतम चमचमाती गगनचुंबी हजारों इमारतों के बीच सर्वाधिक महत्व रखने वाला अत्यंत छोटी सी जगह में बना न्यायालय भवन जर्जर हालत में हर समय दुर्घटना की चेतावनी दे रहा है। करीब 60 वर्ष पहले बने न्यायालय के भवनों के पलस्तर उखड़े हुए, ईंटें खुरती हुई, छज्जे,आंगन आगे पीछे हर तरफ जर्जर। यह हालत कुछ वर्ष पहले सामने आने लगी थी कि इस भवन में हर उपस्थित न्यायाधीश, स्टाफ,वकील, अन्य कामगार, पक्ष विपक्ष के लोग सभी को खतरा है। कब कौन दुर्घटना की चपेट में आ जाए? अतिरिक्त जिला  न्यायालय, एसीजेएम, मुंसिफ मजिस्ट्रेट,जन अभियोजन कार्यालय, वकीलों के चैम्बर, पुलिस आदि हर समय दो तीन सौ लोगों की उपस्थिति रहती है। न्यायालय कक्ष बहुत ही छोटे छोटे कमरों में हैं। जब भी नया न्यायालय खुला तब बार के कमरे सौंपे जाते रहे। 

एक बड़ा सवाल है कि दुर्घटना हो जाएगी तब जवाबदेही किस विभाग की किस अधिकारी की होगी। इस पुराने जर्जर न्यायालय की हालत यह है कि बरसात में परिसर में पानी भरता है। 

* करीब साठ साल पहले बहुत कम जगह में बने न्यायालय भवन की जर्जर और दुर्घटना आशंकित हालत कुछ वर्ष पहले सामने आई। बार संघ की जागरूकता से उठी मांग पर बीकानेर रोड पर बने पशु चिकित्सालय भवन परिसर को न्यायालय भवन के लिए जगह दी गई। पहले उसका कब्जा मिलने में देरी हुई और अब नये भवन निर्माण के लिए बजट राशि उपलब्ध नहीं हो रही। पुराने जर्जर भवन और दुर्घटना की आशंका के खतरे का राजस्थान शासन के प्रशासन और न्यायपालिका,जनप्रतिनिधियों को भी मालुम हो चुका है। सूरतगढ़ का बार संघ लगातार धरना प्रदर्शन व बजट उपलब्ध कराने की मांग पर है।









राजस्थान सरकार का बजट सत्र शुरू हो चुका है तथा बजट प्रस्ताव पेश हो चुका है और इस पर अनेक दिनों तक विधायकों व सरकार के बीच विचार विमर्श चलेगा। सूरतगढ़ जिला बनाए जाने की ओर अग्रसर है,ऐसी स्थिति और भविष्य के कदमों के लिए नये न्यायालय भवन के लिए इसी बजट सेशन में बड़ी आवाज की आवश्यकता है। राजस्थान उच्च न्यायालय और राजस्थान सरकार को भी सूरतगढ़ के जर्जर न्यायालय भवन दुर्घटना की आशंका के खतरे से मांग पत्र और न्यायिक प्रक्रिया ( याचिका दायर कर) से अवगत कराना भी आवश्यक हो गया है। ०0०

करणीदानसिंह राजपूत,

स्वतंत्र पत्रकार,

(राजस्थान सरकार के सूचना एवं जनसंपर्क सचिवालय से आजीवन मान्यता),

सूरतगढ़( राजस्थान )

94143 81356.


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