शनिवार, 24 जनवरी 2026

नगरपालिका कोष में फिर बड़ा घोटाला.

 

* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 24 जनवरी 2026.

नगरपालिका कोष में एक कर्मचारी ने फिर से दस्तावेज में कूट रचना कर बड़ी रकम की हेराफेरी कर ली। राजेंद्र नामक कर्मचारी ने कुछ वर्ष पहले 13-14 लाख रूपयों की गड़बड़ी की तब उच्च अधिकारियों को डीएलबी को सूचित करने  और पुलिस में मुकदमा करने के बजाय इतनी बड़ी रकम गुपचुप जमा करा ली गई थी।

 कर्मचारी ने एक बार फिर गड़बड़ी कर ली। सूत्र अनुसार फिर रकम भरा ली गई है। इस बार यह गड़बड़ी अंकेक्षण निरीक्षण (आडिट ) में पकड़ में आई है। कर्मचारी रिकॉर्ड में रसीदों में रकम लिखने में गड़बड़ी करके रकम हजम कर नगरपालिका कोष को नुकसान पहुंचाने में उजागर हुआ है। नगरपालिका में राजस्व अधिकारी की पोस्ट है और उसके द्वारा रसीदों की जांच क्यों नहीं होती?

कर्मचारी द्वारा रकम जमा करने की जारी की गई हर रसीद की जांच जरूरी है लेकिन अभी तक उसके विरुद्ध आपराधिक गड़बड़ी की जांच व मुकदमे के बजाय फिर बचाया जाने में दिन बिताए जा रहे हैं। 

👌 भाजपा नेता के रिश्ते में होने के कारण पहले बचाया गया और पदोन्नति भी दे दी गई थी। इस बार फिर से अभी तक कोई भी कार्वाई नहीं की गई है। मामला गबन और रसीदें कूटरचित जारी करने का मुकदमा पुलिस में दर्ज कराने का बनता है। नगरपालिका प्रशासन में अधिकारी फिर से उच्चाधिकारियों को सूचित नहीं कर रहे। सूत्र अनुसार तो अभी तक नगरपालिका प्रशासक उपखंड अधिकारी भरत जयप्रकाश मीणा को भी सूचना नहीं दी गई है। 👌 विदित रहे कि नगरपालिका की शिवनंदीशाला की तूड़ी खरीद की रकम भुगतान में भी लाखों की गड़बड़ी हुई। उस कर्मचारी को भी अभयदान दे दिया गया और अच्छी सीट पर बैठा दिया । तूड़ी खरीद भुगतान घोटाला परसराम भाटिया के अध्यक्षता काल में हुआ था। 

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