गुरुवार, 26 मार्च 2026

सूरतगढ़:हत्या के अपराध में मोहनलाल को आजीवन कारावास.बहुचर्चित प्रकरण.

 



* करणीदानसिंह राजपूत *

सूरतगढ़ 26 मार्च 2026.

ऑनर किलिंग के मामले में दोषी मोहनलाल को आजीवन कारावास, एक लाख रुपये जुर्माना।

अपर सत्र न्यायालय सूरतगढ़ न्यायाधीश मोहम्मद आसिफ अंसारी ने ऑनर किलिंग के एक मामले में दोषी मोहनलाल को धारा 302 आईपीसी में आजीवन कारावास तथा एक लाख रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। इसके अलावा न्यायालय  ने धारा 450 के तहत 10 वर्ष के कठोर कारावास तथा 10,000 रुपये के जुर्माने से भी दंडित किया है। यह फैसला 25 मार्च 2026 को सुनाया गया।

अपर लोक अभियोजक संजय सोढा ने बताया कि   रामपाल पुत्र कृष्णलाल जाट निवासी किशनपुरा ढाणी की हत्या से संबंधित है। इस संबंध में 26 मई 2018 को परिवादी सुभाष पुत्र कृष्णलाल जाट निवासी किशनपुरा ढाणी ने पुलिस थाना सूरतगढ़ शहर में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

मामले के अनुसार, मृतक राजपाल के मोहनलाल के छोटे भाई नानूराम की पत्नी के साथ अवैध संबंध थे तथा मृतक रामपाल घटना से कुछ दिन पूर्व रितु पत्नी नानूराम को अपने साथ भगा ले गया था। इसी रंजिश के चलते 26 मई 2018 को जब राजपाल किशनपुरा आबादी में एक मकान के ऊपर चौबारे में सो रहा था, तब मोहनलाल ने उसके सिर पर हथौड़े से वार कर उसकी हत्या कर दी।

घटना के बाद मोहनलाल स्वयं पुलिस थाना सूरतगढ़ शहर पहुंचा और अपना अपराध स्वीकार करते हुए सूचना दी। इसके बाद पुलिस ने घटनास्थल से अनेक सबूत जिनमें आरोपी के हाथों के निशान, खून से सनी मिट्टी , हथौड़ा व खून सने कपड़े आदि जब्त किए। पुलिस ने सबूतों की फॉरेंसिक जांच भी कराई। जांच अधिकारी सीआई निकेत पारीक ने सभी साक्ष्यों के आधार पर अपर सैशन न्यायालय सूरतगढ़ में चालान पेश किया।

मामले में अभियोजन पक्ष के  प्रस्तुत साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर अपर सत्र न्यायाधीश मोहम्मद आसिफ अंसारी ने आरोपी मोहनलाल को धारा 302 के तहत आजीवन कारावास व एक लाख रुपये जुर्माने तथा धारा 450 के तहत 10 वर्ष के कठोर कारावास व 10,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।

साथ ही न्यायालय ने दंड प्रक्रिया संहिता के प्रावधानों के तहत मृतक रामपाल के आश्रितों को समुचित प्रतिकर दिलाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को आदेशित किया। निर्णय के बाद आरोपी मोहनलाल को न्यायिक अभिरक्षा में लेकर सूरतगढ़ जेल भेज दिया गया।०0०









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