संयुक्त व्यापार मंडल चुनाव- अवतार या घनश्याम ! कौन जीतेगा?
* करणीदानसिंह राजपूत *
सूरतगढ़ 15 मार्च 2026.
संयुक्त व्यापार मंडल के चुनाव में बाहर के लोगों ने अवतार का नाक का सवाल बना दिया। पंकज शर्मा को जैसे तैसे दबाव से अवतार के पक्ष मे चुनाव से हट जाने की घोषणा करवा दी। अवतार को पंकज द्वारा माला पहनाई फोटो सोशल मीडिया में डाल कर अवतार के पक्ष में हवा बनाने का प्रयास किया गया है। अवतार को वली मोहम्मद का कैंडिडेट प्रचारित किया जाना, मीडिया के चार पाँच लोगों का अवतार के पक्ष में दबाव बनाना आदि से यह चुनाव बड़ा रोचक और चर्चित हो गया है।
👍 अवतार के पक्ष में हवा बनाने का प्रयास सफल हुआ तो अवतार की जीत होगी। यह जीत वली मोहम्मद की मानी जाएगी जो शुरू से ही अवतार के साथ हैं।
👍पंकज शर्मा के अवतार के पक्ष में हटने की घोषणा से कोई असर पड़ने की संभावना नहीं है। पंकज शर्मा के पास वोट होते तो चुनाव मैदान से नहीं हटते चाहे कितना भी दबाव होता। वोट होने पर कोई भी मैदान नहीं छोड़ता और वह भी चुनाव मतदान से कुछ घंटे पहले। अवतार मजबूत कैंडिडेट होता तो पंकज शर्मा को बैठाने के खेल की जरूरत ही नहीं होती। पंकज शर्मा जो वोट खुद लेते वह सारे वोट अब अवतार को दिला देंगे, यह संभव नहीं है। अवतार की जीत हो जाती है तो निश्चित ही वली, मीडिया के प्रयास सफल होंगे। इन सभी की नाक भी बचेगी।
👍 अब दूसरा पक्ष है घनश्याम भठेजा।
घनश्याम भठेजा और अवतार में सीधी टक्कर हो गई है। पहले भी चर्चा में दो नाम ही टक्कर में माने जा रहे थे। घनश्याम भठेजा के साथ अरोड़ा + प्लस अन्य समाज के लोग हैं। अरोड़ा वोटरों की संख्या अधिक है और दबाव भी है। पंकज शर्मा के अवतार के पक्ष में हटने के बाद अरोड़ा वोटरों की दौड़भाग संपर्क तेज हो गया है और इधर भी नाक का सवाल बन गया है। घनश्याम भठेजा के साथ भी कई धुरंधर और राजनीतिक संघर्ष शील चर्चित लोग जुड़े हैं और वोटरों को मजबूत बनाने में है।
👍 सबसे बड़ी बात यह है कि यह तो प्रचार है कि अवतार आगे हो गया है और घनश्याम भठेजा पहले से अधिक मजबूत हो गया है। वोटरों को अपने अपने पक्ष में करने कराने के प्रयास हैं।
लेकिन असल में वोटरों के मन में क्या है? वोटरों का मन ही जीत हार का निर्णय करेगा।
👍सोच यह रखें। जो जीते उसे बधाई दें मालाएं पहनाएं। व्यापारियों को व्यापार को मजबूत करें। ०0०