मंगलवार, 18 सितंबर 2018

छात्रनेता रामूछींपा को मुकदमे से बाहर करो या बड़े नेताओं को गिरफ्तार करो

करणी प्रेस इंडिया -

 सूरतगढ़ 18 सितंबर 2018.

 थाना अधिकारी निकेत कुमार पारीक पर जानलेवा हमला व पुलिस दल पर पर दल पर पर हमला करने के आरोप में दर्ज मुकदमे में से रामू छींपा छात्र नेता को बाहर करने की मांग को लेकर कॉलेजिएट छात्रों ने ने उपखंड अधिकारी कार्यालय पर जबरदस्त प्रदर्शन किया और सरकार के नाम एक ज्ञापन दिया।

 छात्र नारे लगाते हुए उपखंड कार्यालय पर पहुंचे थे। उपखंड कार्यालय पर काफी देर तक नारेबाजी हुई।

 थाना अधिकारी निकेत कुमार पारीक द्वारा 6 सितंबर को दर्ज कराए गए मुकदमे में से रामू छिंपा को को छिंपा को को बाहर करने की मांग की जा रही थी। छात्रों का आरोप था कि रामू छिंपा को फंसाया गया है वहीं बड़े नेताओं को उकसाने वाले भाषण देने के बावजूद पुलिस ने नामजद करने के बजाय मुकदमे से बाहर रख दिया। 

छात्रों का आरोप था कि रामू छिंपा को पुलिस मुकदमे में फंसा रही है तो बड़े नेताओं को भी मुकदमे में शामिल करें जिन्होंने 6 सितंबर की आम सभा में भाषणों में उत्तेजक शब्दों का इस्तेमाल किया था। आम सभा के बाद में ही उपखंड कार्यालय के आगे पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच लाठी-भाटा जंग हुई जिसमें सीआई के सिर में चोट लगी और CI ने उसके बाद उसके बाद बाद खुद की हत्या की कोशिश का और पुलिस पर हमला करने का वह सरकारी संपत्ति को नष्ट करने के आरोप लगाते हुए भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया।(करणी प्रेस इंडिया)

 पुलिस ने इस मुकदमे में 28 लोगों के नाम लिखे बाकी बिना नाम के रखे हैं। कुछ लोग गिरफ्तार किए गए जिनको पुलिस स्टेशन में भयानक अमानवीय यातनाएं देने के आरोप प्रेस कान्फ्रेंस में लगाए गये। 

आज 18 सितंबर के प्रदर्शन में छात्रों ने ने स्पष्ट रूप से 7 दिन की चेतावनी दी है। अगर छात्र नेता रामू छिंपा को मुकदमे से बाहर नहीं किया गया तो 25 सितंबर को जिला मुख्यालय पर जबरदस्त प्रदर्शन किया जाएगा। छात्रों की भीड़ पुलिस पर सीधे आरोप लगा रही थी कि बड़े नेताओं में मील,वर्मा और गेदर को व अन्य को जानते हुए भी बाहर रखा।

ज्ञापन देने वालों में कांग्रेस के टिकटार्थी युवा नेता अमित कड़वासरा और गगनदीपसिंह विडिंग भी शामिल थे। इस प्रदर्शन मेंं एन एस यू आई के प्रदेशाध्यक्ष अभिमन्यु पूनिया ने भी भाग लिया।


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