Sunday, September 2, 2012

सूरतगढ़ क्लब कहां है? विशेष खबर- करणीदानसिंह राजपूत


फैलोशिप समाजसेवा भाईचारा खेलकूद स्वास्थ्य सेवाएं शादी ब्याह पुस्कालय सेवाएं शुरू करने की घोषणा की थी, जो एक भी शुरू नहीं हुई।
अध्यक्ष प्रवीण अरोड़ा बनाए गए थे।
सूरतगढ़, 2 सितम्बर 2012. दो साल पहले 15 अक्टूबर को प्रवीण अरोड़ा के निवास पर आयोजित एक पत्रकार वार्ता में सूरतगढ़ क्लब के गठन रजिस्टे्रशन की घोषणा हुई थी। वह घोषणा अब सवालों के घेरे में है कि जो कुछ बताया गया उसका एक अंश भी नजर नहीं आ रहा है, जबकि समाजसेवा के कार्य अब तक शुरू हो जाने चाहिए थे। समाजसेवी भावना से की गई घोषणा को अब तक किसी फाईल में ही बंद करके क्यों रख दिया गया है।
सूरतगढ़ क्लब की शुरूआती कार्यकारिणी निम्र बतलाई गई थी।
इसके अध्यक्ष प्रवीण अरोड़ा और सदस्यों में उनके पुत्र जयकिशन अरोड़ा,राजकुमार गर्ग और उनके पुत्र वरूण गर्ग,गगनकुमार, घनश्याम सोमानी व भूषण भटेजा थे। बताया गया कि इसमें कुल सदस्य संख्या 250 रखी जाएगी और प्रतिवर्ष चुनाव होंगे व कार्यकाल हर साल अप्रेल से मार्च तक का रहेगा।
अध्यक्ष प्रवीण अरोड़ा ने उस समय बताया था कि यह संस्था कम्पनीज एक्ट 1956 की धारा 25 के तहत रजिस्ट्ररेशन करवाई गई है। इसमें सदस्यों को काम करने वालों आदि को कोई लाभांश नहीं दिया जा सकेगा। मतलब की यह संस्था काम तो एनजीओ की तरह करेगी मगर कोई भी कार्य लाभ के लिए नहीं किया जाएगा।
यह घोषणा की गई थी। सूरतगढ़ क्लब की ओर से फैलोशिप, समाजसेवा, भाईचारा, खेलकूद, स्वास्थ्य,शादी ब्याह, पुस्कालय आदि सेवाएं शुरू की जाऐंगी। यह भी बतलाया गया कि शहर के बाहर खुले क्षेत्र में 5 बीघा भूमि लेकर वहां पर भवन बनाया जाएगा जहां पर कई कार्यक्रम संभव हो सकेंगे। क्लब की ओर से कोई एक सेवा भी शुरू नहीं हुई। क्लब का कोई भवन और उस पर कोई नामपट्ट भी नजर नहीं आ रहा है, जबकि चुनाव की अवधि के हिसाब से अब तक तीसरी कार्यकारिणी होनी चाहिए थी।
उस समय यह बतलाया गया था कि जिला मुख्यालय पर श्रीगंगानगर क्लब का गठन और रजिस्ट्रेशन हो चुका है तथा वहां पर कार्य भी हो रहे हैं। उस समय की घोषणा और इतनी अवधि बीतने के बाद ऐसा लगने लगा है कि क्लब का गठन और रजिस्टे्रेशन इसलिए करवा लिया गया ताकि कोई अन्य लोग इस नाम से संस्था का गठन और रजिस्ट्रेशन ना करवा सके। इस क्लब के माध्यम से शहर के प्रभावशाली,धनी लोगों का एक अलग संगठन खड़ा करना उद्देश्य भी हो सकता है।
अब सवाल एक नहीं अनेक हैं जिनका जवाब दिया ही जाना चाहिए, लेकिन जवाब के बजाय इस क्लब की गतिविधियां शुरू हो तो शहर के लिए ज्यादा लाभदायक होगा।

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