गुरुवार, 15 जुलाई 2021

होटल ग्रेण्ड-इन पर खाद्यसामग्री,सफाई,स्टाफ स्वास्थ्य प्रमाण पत्र आदि का निरीक्षण-खाद्यसामग्री नमूने लिए.

 


* करणीदानसिंह राजपूत *


हनुमानगढ़ 15 जुलाई 2021.


जिले के नागरिकों को स्वच्छ एवं सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से चिकित्सा विभाग ने जिले में होटल व रेस्टोरेंट द्वारा दी जा रही खाद्य सामग्री एवं सेवाओं की जांच शुरू की है। 

इसके तहत टाउन-जंक्शन रोड के मध्य स्थित होटल ग्रेण्ड-इन पर चिकित्सा विभाग की टीम ने व्यवस्थाओं की जांच की।

 टीम ने होटल की सफाई व्यवस्था, भोजन तैयार करने का स्थान, इस्तेमाल में लाई जा रही सब्जियां, खाद्य सामग्री, तेल एवं व्यवस्थाओं की जांच की। 

कार्यवाही में सीएमएचओ डॉ. नवनीत शर्मा के साथ एफएसओ जीतसिंह यादव, संतकुमाार बिश्नोई शामिल थे। 

 चिकित्सा विभाग की ओर से मिलावटी खाद्य पदार्थों पर अंकुश लगाने के लिए अब होटल एवं रेस्टोरेंट पर निरीक्षण किया जाएगा।

 इसी के तहत आज हनुमानगढ़ स्थित होटल ग्रेण्ड-इन का निरीक्षण किया गया।

जांच दल ने होटल ग्रेण्ड-इन की रसोई की जांच की। इस दौरान, आमजन का भोजन तैयार करने के लिए इस्तेमाल में लाई जा रही खाद्य सामग्री, आटा, मसाले, ग्रेवी, दही व रिफाइण्ड सोयाबीन ऑयल आदि की जांच की। 

जांच दल ने खाद्य सामग्री, खुला आटा, दही व रिफाइण्ड सोयाबीन ऑयल नेचर फ्रेश ब्राण्डÓ का नमूना संग्रहित किया। रसोई में प्रयुक्त किए जा रहे कनस्तर में रखे तेल, सोयाबीन ऑयल 'नेचर फ्रेश ब्राण्डÓ के बाकी बचे तेल (करीब 10 लीटर) को सील कर प्रबंधक को काम में न लेने की हिदायत के साथ सुपुर्द किया गया।

डॉ. नवनीत शर्मा ने बताया कि निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई सुधारने के निर्देश दिए।


होटल प्रबंधक के पास होटल में कार्यरत स्टॉफ के चिकित्सा प्रमाण पत्र नहीं मिलने पर जांच दल ने होटल के सभी कार्यरत स्टॉफ का चिकित्सा प्रमाण पत्र (प्रत्येक छ: माह बाद) बनवाने के निर्देश दिए। होटल प्रबंधन को इस रिपोर्ट को अपने पास सम्भालकर रखने के निर्देश दिए।





 होटल प्रबंधन को निर्देश दिए कि प्रत्येक माह होटल में पेस्ट कण्ट्रोल निर्धारित रजिस्टर्ड फर्म से करवाया जाए तथा उसकी रिपोर्ट सम्भालकर रखी जाए और विभाग द्वारा मंगवाए जाने पर उपलब्ध करवाएं। 

होटल प्रशासन को निर्देश दिए कि प्रत्येक छ: माह में एक बार उपभोक्ताओं के लिए काम में लाए जा रहे पोर्टेबल वाटर (पीने के पानी) की जांच निर्धारित लैब द्वारा करवाई जाए तथा इसकी रिपोर्ट सम्भाल कर रखें। 


उन्होंने बताया कि मौके मौके पर संग्रहित किए गए नमूनों को बीकानेर की खाद्य प्रयोगशाला में भिजवाए जाएंगे। इस दौरान अगर इनमें कमी पाई जाती है, तो एफएसएसएसए एक्ट 2006 के तहत होटल प्रबंधन पर कार्यवाही की जाएगी। 

उन्होंने कहा कि जिले में अन्य स्थानों पर भी होटल एवं रेस्टोरेंट का निरीक्षण किया जाएगा। 


उन्होंने आमजन से अपील की कि जिले में अगर कहीं पर भी मिलावटी खाद्य सामग्री का बेचान किया जाता है, तो उसकी सूचना चिकित्सा विभाग को आवश्यक रूप से दें।


यह निरीक्षण आदि अच्छी प्रक्रिया है। होटल रेस्टोरेंट आदि नियमों का पालन करेंगे तो उनका नाम प्रसिद्ध ही होगा।

( चिकित्सा विभाग)०0०

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