गुरुवार, 28 मई 2020

लोकडाउन नियम तोड़ने पर प्रशासन द्वारा कार्यवाही नहीं करने से कोरोना संक्रमण का खतरा सिर पर।


* करणीदानसिंह राजपूत *
कोरोना लोकडाउन नियमों के टूटने के समाचार रिपोर्टस और फोटोग्राफ्स पर
जनता,प्रशासन और मेरी  सोच मेल नहीं खाती।
गाइडलाइन टूटने जानबूझकर तोड़ने के समाचार रिपोर्टस और फोटोग्राफ्स छपने पर प्रशासन उसे शिकायत करना मान कर रद्दी में डाल देता है। एक से ज्यादा समाचार हो और अलग अलग लगातार लिखा तो पक्का मान लेता है कि यह तो शिकायती है। प्रशासन ही विभिन्न रूपों में लोकडाउन नियमों के पालन करने और तोड़ने पर कार्यवाही का प्रचार करता है। किसी भी समाचार को अनदेखा करना है तो बस उसे शिकायत मानकर और बताकर कार्यवाही नहीं करना। फोटोग्राफ्स तो पक्का प्रमाण होते हुए भी उस पर कार्यवाही नहीं करने की सोच ही बना ली जाए तो अधिकारी की कलम नहीं चलती। कानून तोड़ने वालों पर लिखना छापना नकारात्मक बता दिया जाता है जबकि वह कानून के पक्ष में होता है। प्रशासन की यह नीति किसी न किसी कानून तोड़ने वाले को दंडात्मक कार्यवाही और मुकदमे से बचाने की होती है जिसका दुष्परिणाम क्षेत्र के लोग भोगते हैं।
गाइडलाइन टूटने जानबूझकर तोड़ने के समाचार रिपोर्टस और फोटोग्राफ्स छपने पर जनता का दृष्टिकोण होता है। फालतू है। कुछ नहीं होने वाला।होगा तब देखा जाएगा। ऐसे नियम तोड़ने की प्रक्रिया चलती रहती है। प्रशासन की ओर से कोई कार्यवाही नहीं होती तब नियम तोड़ने वालों की संख्या भी बढने लगती है।
नियम कानून टूटने पर खतरा मानते हुऐ मैं या और पत्रकार भी समाचार रिपोर्ट्स फोटोग्राफ्स छापते हैं और बार बार भी छापते हैं। प्रशासन द्वारा शिकायतें बता कर कार्यवाही नहीं करने और जनता की ओर से बेवकूफी लापरवाही और नियम तोडे़ जाने पर मन में मान लेते कि हमने तो अपना फर्ज पूरा किया। अब जो होगा सो होगा। इसके आगे पत्रकार क्या करेगा?
अब कोरोना संक्रमण रोकने बचाव रखने के नियम कानून टूटने के बाद जब कहीं संक्रमण की घटना सामने आती है या मामले बढते हैं तब प्रशासन की भागदौड़ और जनता की परेशानी शुरू होती है। जब दुष्प्रभाव पड़ जाता है तब प्रशासन और जनता अपना दृष्टिकोण बदलने को मजबूर होते हैं।
प्रशासन की अनदेखी लापरवाही और कर्तव्य को पालन नहीं करने की उदासीनता से कोरोना संक्रमण का कहां कब हो जाए।
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करणीदानसिंह राजपूत,
स्वतंत्र पत्रकार ( राजस्थान सरकार के सूचना एवं जनसंपर्क निदेशालय से अधिस्वीकृत)
सूरतगढ़. राजस्थान
94143 81356.
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