बुधवार, 8 मई 2019

बालाकोट एयरस्ट्राइक? क्या है इटली के पत्रकार का दावा-दंग करने वाला है


भारतीय वायुसेना द्वारा बालाकोट में जैश के आतंकी ठिकानों पर की गई एयरस्ट्राइक को लेकर विदेशी मीडिया ने बड़ा दावा किया है। इटली की एक पत्रकार के अनुसार 26 फरवरी 2019 को पाकिस्तान के बालाकोट में भारतीय वायुसेना की कार्रवाई में जैश-ए-मोहम्मद के 130 से 170 आतंकी मारे गए थे। 


इटली के पत्रकार फ्रांसेस्का मैरिनो ने रिपोर्ट में लिखा कि पाकिस्तान ने भारतीय वायुसेना की कार्रवाई को छुपाने की बहुत कोशिश की। इसके बावजूद स्थानीय सूत्रों ने बताया कि 26 फरवरी को तड़के जैश के आतंकी कैम्प में क्या हुआ था। रिपोर्ट के अनुसार जैश के आतंकी कैम्प में 3.30 बजे हमला हुआ था। पाकिस्तानी सेना के सबसे करीबी कैम्प शिनकारी से एक टुकड़ी सुबह 6 बजे वहां पहुंची, जिसके बाद घायलों को हरकत-उल-मुजाहिदीन के कैम्प में पहुंचाया। 

स्थानीय सूत्रों के अनुसार अभी भी लगभग 45 व्यक्तियों का इलाज चल रहा है, लगभग 20 लोगों की मौत चोटों के कारण इलाज के दौरान हुई। उस क्षेत्र को अभी भी सील किया हुआ है। जिन लोगों का इलाज चल रहा है वह सेना की हिरासत में है। 

मारे गए लोगों में 11 प्रशिक्षक शामिल थे, जिनमें बम बनाने वाले से लेकर हथियार प्रशिक्षण देने वाले लोग शामिल थे। इनमें से दो ट्रेनर अफगानिस्तान के थे।

रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया कि हमले के बाद जैश के आतंकी अपने उन साथियों के घर पहुंचे जो इस हमले में मारे गए थे। इनके परिवारों को मुआवजे के तौर पर नकद राशि दी गई। मैरिनो ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि जैश ए मोहम्मद के कैंप तक पहुंचने के लिए पहाड़ी की चढ़ाई करनी होती है। जहां से इसका रास्ता शुरू होता है, ठीक उसी मुहाने पर ब्लू पाइन होटल है, पहाड़ी पर पहुंचने के बाद एक साइन बोर्ड दिखता है जिस पर तालीम-उल-कुरान लिखा है। यह बोर्ड पहले वाले उस बोर्ड की तरह नहीं है जिस पर जैश ए मोहम्मद और मसूद अजहर का नाम लिखा था। अजहर के अंतरराष्ट्रीय आतंकी घोषित होने के बाद बोर्ड से उसका नाम हटा दिया गया है। 

***********

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

यह ब्लॉग खोजें