Sunday, October 15, 2017

गुरदासपुर (पंजाब) लोकसभा सीट पर सुनील जाखड़ कांग्रेस की जीत

गुरदासपुर   15.10.2017.

गुरदासपुर लोकसभा उप-चुनाव में कांग्रेस के सुनील जाखड़ ने 1 लाख 93 हजार वोटों से जीत दर्ज की. सुनील जाखड़ को 4 लाख 99 हजार 752 वोट मिले. वहीं बी जेजेपी के स्वर्ण सलारिया को 3 लाख 6 हजार 533 वोट मिले. आम आदमी पार्टी के मेजर जनरल (सेवानिवृत्त) सुरेश खजूरिया की जमानत जब्त हो गई है. आप प्रत्याशी को 23 हजार 579 वोट मिले. शुरुआती रुझानों से ही कांग्रेस उम्मीदवार ने बढ़त बनाए रखी. जिसके बाद पार्टी के नेता और पंजाब सरकार में मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू कांग्रेस प्रत्याशी जाखड़ के साथ खुशी मनाते दिखाई दिए. 

गुजरात और हिमाचल प्रदेश में इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव के मद्देनजर कांग्रेस की इस जीत को काफी अहम माना जा रहा है क्योंकि गुरदासपुर लोकसभा सीट बीजेपी का गढ़ रही है। अभिनेता विनोद खन्ना इस सीट से चार बार सांसद रहे। उनका इस वर्ष 27 अप्रैल को मुंबई के एक अस्पताल में कैंसर से निधन हो गया था। इस सीट पर 11 अक्तूबर को हुए उपचुनाव में 56 फीसदी मतदान हुआ जो वर्ष 2014 के आम चुनावों में हुए 70.03 फीसदी मतदान के मुकाबले कम है।

यहां दो मतगणना केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के बीच आज सुबह आठ बजे मतों की गिनती शुरू हुई। कांग्रेस उम्मीदवार जाखड़ शुरुआत से ही अपने प्रतिद्वंद्वियों से काफी आगे चल रहे थे। यह क्रम आखिर तक जारी रहा और मतों का अंतर बढ़ता रहा। उन्होंने सभी नौ विधानसभा क्षेत्रों में अपनी बढ़त कायम रखी। इससे पहले प्रदेश कांग्रेस इकाई के अध्यक्ष जाखड़ ने रुझानों में भारी बढ़त हासिल करने के बाद मतदाताओं और पार्टी को शुक्रिया कहा।

गुरदासपुर लोकसभा उप चुनाव के विजेता सुनील जाखड़ की गिनती तेजतर्रार नेताओं में होती है. वह पूर्व लोकसभा अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री डॉ. बलराम जाखड़ के पुत्र हैं और किसान नेता माने जाते हैं.

सुनी चेल जाखड़ को अपने पिता के नाम और काम का राजनीतिक फायदा मिलता रहा है. पंजाब के फाजिलका जिले के पंचकोसी गांव (अबोहर) में 9 फरवरी 1954 को जन्मे जाखड़ ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से एमबीए की पढ़ाई की है. उनकी शुरुआती पढ़ाई अबोहर से हुई है. इसके बाद गवर्ममेंट कॉलेज चंडीगढ़ में उन्होंने पढ़ाई की.

किसानों के प्रदेश पंजाब में कांग्रेस ने सुनील जाखड़ के रूप में एक बड़े वोट बैंक को भुनाने के लिए दांव इस साल मई में ही चल दिया था. जब कैप्टन अमरिंदर सिंह के मुख्यमंत्री बनने से पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष की कुर्सी खाली हुई तो पार्टी को किसी कद्दावर नेता की तलाश थी.मई में पार्टी ने जाखड़ को कांग्रेस का पंजाब प्रदेश अध्यक्ष बना दिया.  इससे पहले वे पंजाब कांग्रेस उपाध्यक्ष और मुख्य प्रवक्ता रहे हैं. वह कैप्टन अमरिंदर सिंह के करीबी माने जाते हैं. सिख बहुल प्रदेश में कांग्रेस आलाकमान ने जाखड़ के रूप में हिंदू चेहरा दिया. इसके जरिए कई संदेश दिए गये हैं​।

वह न सिर्फ किसान नेता हैं बल्कि पिछली अकाली-भाजपा सरकार के समय विधानसभा में नेता विपक्ष थे. वह तीन बार पंजाब की अबोहर विधानसभा सीट से विधायक रहे हैं. 63 वर्षीय जाखड़ की किसानों से जुड़े मसलों पर अच्छी पकड़ रही है.


विधानसभा में भी किसानों और कृषि स्कीमों आदि के मुद्दों को आकड़ों समेत उठाकर वह अकाली-भाजपा सरकार की किरकिरी करते रहे थे.


No comments:

Post a Comment

Search This Blog