रविवार, 16 जुलाई 2017

कुशलगढ़ एसडीएम का शव मिला बेटे ने हत्या का आरोप लगाया

कुशलगढ़ के एसडीएम रामेश्वर दयाल मीणा का शव 48 घंटे बाद शव रविवार को बरामद कर लिया गया। मीणा शुक्रवार को पानी के तेज बहाव में बह गए थे। उनका शव अनास नदी से बरामद किया गया है। गांगड़तलार्इ विकास अधिकारी ने रामेश्वर दयाल का शव मिलने की पुष्टि की है। रामेश्वर दयाल के पुत्र संदीप ने अपने पिता की हत्या का आरोप लगाया है। संदीप ने कहा है कि उनके पिता की सुनियोजित तरीके से हत्या की गर्इ है आैर इसमें ड्राइवर भी शामिल है।

संदीप ने कहा है कि हमें करीब 10 दिन पहले ही शक हो गया था कि उनके साथ कुछ गंभीर होने वाला है। संदीप ने कहा कि ड्राइवर ने हत्या को अंजाम दिया है, लेकिन वह सिर्फ मोहरा है इसका असली सूत्रधार तो कोर्इ आैर ही है। 

संदीप ने कहा कि इस घटना के बाद ड्राइवर ने उनसे संपर्क करने की कोर्इ कोशिश नहीं की। यदि उसमें जरा सी भी इंसानियत होती तो वह हमसे मिलने आैर पूरा घटनाक्रम बताने के लिए जरूर आता लेकिन उसने एेसा नहीं किया। संदीप ने कहा कि हम इसलिए शांत थे कि डैड बाॅडी प्राप्त होने पर हम राज उगलेंगे। 

 बेटे ने हत्या की आशंका जताते हुए शव लेने से इनकार कर दिया है। बेटे का कहना है कि शव का जयपुर एसएमएस अस्पताल में पांच सदस्यीय डाक्टरों की टीम से पोस्टमार्टम करवाया जाए। बेटे ने कहा कि मेडीकल बोर्ड में एक डॉक्टर एसटी और एक डॉक्टर एससी का होना चाहिए बाकि तीन कोई भी हो। 

बेटे ने सरकार पर हमला करते हुए कहा कि ये सरकार अच्छे दिनों की बात करती है लेकिन एक अधिकारी की मौत हो जाती है और वो चुप है। बेटे का कहना है कि प्रदेश की सीएम किसी के गोल्ड जीतने पर बधाई देतीं है, पर  एसडीएम स्तर के एक अधिकारी का मर्डर कर दिया गया है शासन और प्रशासन खामोश बैठा हुआ है। एसडीएम रामेश्वरदयाल मीणा शुक्रवार को सुबह बांसवाड़ा से कुशलगढ़ जा रहे थे। वे बिलड़ी के पास ढेबरी नदी का पुल पार कर रहे थे, तभी नदी का बहाव अचानक तेज हो गया, जिससे उनकी गाड़ी पानी में बह गई थी। 

बांसवाड़ा जिले की बिलड़ी नदी में कुशलगढ़ एसडीएम रामेश्वर दयाल मीणा का वाहन बह गया था। वाहन चालक करीब 2 किलोमीटर दूर बच निकला था।  घटना की सूचना मिलने के बाद जिला कलेक्टर आैर एसपी सहित अन्य अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे थे। 


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