शनिवार, 27 मई 2017

घर में शाम की पूजा में घंटी शंख बजाना अशुभ माना जाता है

हिन्दु धर्म में सुबह व शाम पूजा का काफी महत्व है और लगभग सभी घरों में दोनों समय पूजा होती है। कहा जाता है सूरज की पहली किरण के साथ ही पूजा करना काफी शुभ होता है और उस समय घंटियां और शंख बजाने को भी शुभ माना गया है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि शाम कीपूजा में शंख व घंटियां नहीं बजानी चाहिए। शाम की पूजा करते समय वैसे विशेष ध्यान रखना चाहिए। जा‌निए शाम की पूजा में ध्यान रखने की जरूरी बातें

- अधिकतर घरों की शाम की पूजा और सुबह की पूजा में कोई खास फर्क नहीं होता। शाम की पूजा में भी घंटी और शंख बजाई जाती है, जिसे अशुभ माना गया है। ज्‍योतिषियों के अनुसार सूर्यास्त के बाद देवी देवताओं के सोने का समय हो जाता है, ऐसे में शंख और घंटी नहीं बजानी चाहिए।

- शाम की पूजा के लिए दिन में भी फूल तोड़कर रखें, क्योंकि शाम को वनस्पति को छेड़ना अशुभ होता है। इसीलिए कभी भी शाम को फूल नहीं तोड़ना चाहिए।

- भगवान विष्‍णु व श्रीकृष्‍ण की पूजा तुलसी के पत्ते के बिना अधूरी मानी जाती है, लेकिन अगर आप इनकी पूजा शाम को कर रहे हैं तो उस समय कभी भी तुलसी का पत्ता नहीं तोड़ना चाहिए। ऐसा करने से मां लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं।

- भगवान सूर्य को दिन का देवता माना जाता है। इसीलिए शाम को या रात में इनकी पूजा नहीं करनी चाहिए।

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